हिंदी
बाबूराम सावित्री देवी इंटर कॉलेज
Sitapur: सीतापुर जिले के महमूदाबाद क्षेत्र के बिलौली बाजार स्थित बाबूराम सावित्री देवी इंटर कॉलेज ने एक बार फिर शिक्षा के क्षेत्र में अपनी मजबूत पहचान साबित की है। यूपी बोर्ड परीक्षा के परिणामों में इस बार हाईस्कूल और इंटरमीडिएट दोनों के टॉपर्स इसी विद्यालय से आए हैं। जैसे ही परिणाम घोषित हुए, पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई और स्कूल परिसर में जश्न का माहौल बन गया।
इस संस्थान की नींव शिक्षा के प्रति समर्पण और निरंतर प्रयासों पर आधारित है। विद्यालय के प्रबंधक ओमप्रकाश वर्मा के पुत्र पुष्कर वर्मा ने बताया कि उनके पिता ने वर्ष 1981 में महमूदाबाद कस्बे में प्रकाश कोचिंग की शुरुआत की थी। शिक्षा के क्षेत्र में बढ़ते कदमों के साथ वर्ष 2005 में इसे प्रकाश इंटर कॉलेज के रूप में मान्यता मिली।
इसके बाद वर्ष 2014 में पारिवारिक विरासत और भावनात्मक जुड़ाव को आगे बढ़ाते हुए बिलौली बाजार में बाबूराम सावित्री देवी इंटर कॉलेज की स्थापना की गई। यह विद्यालय उनके दादा बाबू राम और माता सावित्री देवी की स्मृति में स्थापित किया गया था।
सीतापुर में अग्निकांड: मां-बेटी की जिंदा जलकर मौत, 14 घर हुए खाक, जानें इतना बड़ा हादसा कैसे हुआ?
विद्यालय प्रबंधन का दावा है कि वर्ष 2016-17 से यह संस्थान यूपी बोर्ड में लगातार शानदार प्रदर्शन कर रहा है। हर वर्ष यहां से मेधावी छात्र-छात्राएं निकलकर जिले और प्रदेश की मेरिट सूची में जगह बना रहे हैं।
वर्ष 2025 में हाईस्कूल में अर्पित वर्मा ने प्रदेश में तीसरा स्थान हासिल किया था। इससे पहले वर्ष 2024 में स्वाति सिंह ने हाईस्कूल में प्रदेश में तीसरा स्थान प्राप्त कर विद्यालय का नाम रोशन किया था। इस बार एक बार फिर विद्यालय से दो बड़े टॉपर्स सामने आए हैं, जिससे इसकी शैक्षणिक प्रतिष्ठा और मजबूत हुई है।
इस वर्ष के परिणामों में हाईस्कूल छात्रा दिव्या वर्मा ने प्रदेश में पांचवां स्थान प्राप्त किया है। दिव्या समरदहा गांव की रहने वाली हैं और उन्होंने 97 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं। उनके पिता किसान हैं और माता गृहिणी हैं। दिव्या ने बताया कि वह भविष्य में इंजीनियर बनकर देश की सेवा करना चाहती हैं।
वहीं इसी विद्यालय की एक और छात्रा आरोही वर्मा ने प्रदेश में आठवां स्थान प्राप्त कर विद्यालय का नाम और ऊंचा किया है। आरोही ने 96.33 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं और वह खपूरा गांव की रहने वाली हैं। उन्होंने बताया कि वह रोजाना छह से सात घंटे पढ़ाई करती थीं, जिसके परिणामस्वरूप उन्हें यह सफलता मिली।
विद्यालय के प्रबंधक ओमप्रकाश वर्मा, पुष्कर वर्मा और सभी शिक्षकों ने मेधावी छात्रों को उनकी सफलता पर बधाई दी और उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। स्कूल परिसर में शिक्षकों और छात्रों के बीच खुशी का माहौल देखने को मिला। प्रबंधन का कहना है कि यह सफलता केवल छात्रों की मेहनत का परिणाम नहीं, बल्कि शिक्षकों की लगन और लगातार मार्गदर्शन का भी नतीजा है।
Location : Sitapur
Published : 24 April 2026, 4:36 PM IST