“उन्हें जेल नहीं, चौराहे पर टांग देना चाहिए था…” सूर्या मर्डर केस पर भड़के पैरोल पर छूटे यूट्यूबर सलीम वास्तिक

गाजियाबाद में अपहरण और हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे चर्चित यूट्यूबर सलीम वास्तिक 28 दिन की पैरोल पर तिहाड़ जेल से बाहर आए हैं। जेल से छूटते ही वह डासना देवी मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने यति नरसिंहानंद से मुलाकात की और सूर्या हत्याकांड के आरोपियों को सरेआम फांसी देने की मांग की।

Post Published By: Priyam Kashyap
Updated : 12 June 2026, 6:25 PM IST
google-preferred

Ghaziabad : अपहरण और हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे यूट्यूबर सलीम वास्तिक 28 दिन की पैरोल पर तिहाड़ जेल से बाहर आए हैं। डासना मंदिर पहुंचकर उन्होंने कई मुद्दों पर खुलकर बात की और अपने पुराने यूट्यूब चैनल को फिर से शुरू करने की बात कही। इस दौरान सूर्या हत्याकांड पर सलीम वास्तिक ने कहा, "दोषियों को फांसी की सजा मिलनी चाहिए। मैं यूपी पुलिस को सैल्यूट करता हूं। योगी जी को 4 बार सैल्यूट करता हूं। चार आरोपियों को जेल नहीं भेजा जाना चाहिए था, उन्हें चौराहे पर टांग देना चाहिए था।"

डासना मंदिर पहुंचकर बोले- फिर शुरू करूंगा यूट्यूब चैनल

अपहरण और हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे गाजियाबाद के चर्चित एक्स-मुस्लिम यूट्यूबर सलीम वास्तिक एक बार फिर सुर्खियों में हैं। तिहाड़ जेल से 28 दिन की पैरोल पर बाहर आने के बाद सलीम सीधे गाजियाबाद स्थित डासना देवी मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने माथा टेककर आशीर्वाद लिया और मीडिया से बातचीत में कई बयान दिए। उन्होंने दावा किया कि जेल में उनका आचरण अच्छा रहा, जिसके आधार पर उन्हें पैरोल मिली।

Ghaziabad Fire News: साहिबाबाद की टायर फैक्टरी में लगी भीषण आग, मंदिर की दीवार तोड़कर पाया गया काबू

‘मैंने पैरोल नहीं मांगी थी’

सलीम वास्तिक ने कहा कि उन्होंने स्वयं पैरोल के लिए आवेदन नहीं किया था। बल्कि जेल प्रशासन ने अच्छे आचरण का हवाला देते हुए उन्हें स्वास्थ्य का ध्यान रखने और इलाज कराने के लिए पैरोल लेने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि 28 दिन पूरे होने के बाद उन्हें फिर से जेल लौटना होगा। सलीम ने यह भी कहा कि जेल में अन्य बंदी और अधिकारी उनका सम्मान करते थे। बाहर आने के बाद उन्होंने दोबारा वीडियो बनाना शुरू कर दिया है और भविष्य में अपना यूट्यूब चैनल भी फिर से शुरू करने की योजना बना रहे हैं।

यति नरसिंहानंद से मुलाकात

डासना मंदिर पहुंचने पर सलीम वास्तिक की मुलाकात यति नरसिंहानंद से हुई। उन्होंने कहा कि महाराज जी उनके गुरु समान हैं और कठिन समय में उनका साथ देते रहे हैं। मंदिर में उन्होंने मां काली और भगवान शिव के दर्शन किए और आशीर्वाद लिया।

गिरफ्तारी और सजा पर क्या बोले?

सलीम वास्तिक ने कहा कि उन्हें अपहरण और हत्या के मामले में सजा मिली थी, लेकिन उनका दावा है कि उन्होंने अपराध नहीं किया था। उन्होंने अपने पुराने कानूनी मामले और वकील की भूमिका को लेकर भी सवाल उठाए। हालांकि, यह मामला अदालत में तय हो चुका है और उन्हें उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी।

Ghaziabad News: होटल रूम में क्या हुआ उस रात? युवक-युवती की मौत ने खड़े किए सवाल

गौरतलब है कि सलीम वास्तिक को पहले पैरोल के दौरान फरार घोषित किया गया था। इसके बाद 25 अप्रैल को दिल्ली पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर दोबारा जेल भेजा था।

फिर शुरू करेंगे सोशल मीडिया गतिविधियां

सलीम ने कहा कि वह भविष्य में फिर से अपना यूट्यूब चैनल शुरू करेंगे और पहले की तरह अपने विचार लोगों के सामने रखेंगे। उन्होंने सामाजिक और धार्मिक मुद्दों पर भी अपनी राय व्यक्त की। बातचीत के दौरान उन्होंने कई संवेदनशील विषयों पर टिप्पणी की, जिनकी चर्चा सोशल मीडिया पर भी हो रही है।

चर्चाओं में बना हुआ है मामला

तिहाड़ जेल से पैरोल पर रिहाई और उसके बाद डासना मंदिर पहुंचने के कारण सलीम वास्तिक एक बार फिर चर्चा के केंद्र में आ गए हैं। उनके बयानों को लेकर समर्थकों और विरोधियों के बीच बहस भी शुरू हो गई है। फिलहाल वह 28 दिन की पैरोल अवधि के दौरान बाहर हैं और इसके बाद उन्हें नियमानुसार वापस जेल जाना होगा।

Location :  Ghaziabad

Published :  12 June 2026, 6:25 PM IST

Advertisement