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कासगंज जनपद में 77वां गणतंत्र दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। जिलाधिकारी प्रणय सिंह ने कलेक्ट्रेट परिसर में तिरंगा फहराया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों, शहीदों के स्मरण और संविधान के मूल्यों पर आधारित संदेशों ने आयोजन को गरिमामय बनाया।
कलेक्ट्रेट में हुआ भव्य आयोजन, जिलाधिकारी प्रणय सिंह ने किया ध्वजारोहण
Kasganj: जनपद कासगंज में आज देश का 77वां गणतंत्र दिवस पूरे उत्साह, गौरव और धूमधाम के साथ मनाया गया। राष्ट्रीय पर्व के अवसर पर सरकारी कार्यालयों, शिक्षण संस्थानों और सार्वजनिक स्थलों पर तिरंगा फहराया गया तथा देशभक्ति से ओतप्रोत कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
गणतंत्र दिवस का मुख्य कार्यक्रम कलेक्ट्रेट परिसर में आयोजित हुआ, जहाँ जिलाधिकारी प्रणय सिंह ने ध्वजारोहण कर कार्यक्रम की शुरुआत की। इस अवसर पर कलेक्ट्रेट परिसर में उपस्थित अधिकारी, कर्मचारी, स्कूली बच्चे और आम नागरिक मौजूद रहे। ध्वजारोहण के पश्चात बच्चों एवं उपस्थित लोगों द्वारा सामूहिक रूप से जनगणमन का गायन किया गया।
कार्यक्रम के दौरान देश की आजादी के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। वक्ताओं ने कहा कि 26 जनवरी 1950 को भारत का संविधान लागू हुआ और देश ने एक संप्रभु, समाजवादी, धर्मनिरपेक्ष और लोकतांत्रिक गणराज्य के रूप में नई पहचान प्राप्त की। "एक भारत, श्रेष्ठ भारत" की भावना के साथ आज नया भारत निरंतर प्रगति की ओर अग्रसर है।
इस अवसर पर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी, संविधान सभा के अध्यक्ष डॉ राजेंद्र प्रसाद, संविधान के शिल्पकार बाबा साहेब डॉ भीमराव अंबेडकर, महान क्रांतिकारी सरदार भगत सिंह, चंद्रशेखर आज़ाद, अशफाक उल्ला खान और रामप्रसाद बिस्मिल जैसे स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को भावपूर्ण स्मरण कर देश की ओर से नमन किया गया।
कासगंज में दिखा खास नजारा
गणतंत्र दिवस के अवसर पर स्वतंत्रता सेनानियों के परिवारजनों को प्रतीक चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि यह हमारा नैतिक दायित्व है कि हम उन परिवारों के योगदान को सदैव याद रखें, जिनके त्याग से हमें स्वतंत्रता मिली।
अपने संबोधन में जिलाधिकारी ने कहा कि भारतीय संविधान का संरक्षक प्रत्येक नागरिक है। संविधान जाति, धर्म, भाषा या वर्ग के आधार पर किसी भी प्रकार के भेदभाव की अनुमति नहीं देता। न्याय का अधिकार सभी को समान रूप से प्राप्त है और उसका पालन करना हम सबकी जिम्मेदारी है। संविधान समाज के अंतिम पायदान पर बैठे व्यक्ति को भी समान अधिकार देता है।
प्रयागराज मेले में तैनात रहे जनपद के पुलिस कर्मियों को उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए मेडल एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। इसके साथ ही आज वंदे मातरम् गीत के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में जनपद भर में विविध कार्यक्रम आयोजित किए गए।
गणतंत्र दिवस के अवसर पर जनपद के गणमान्य नागरिकों और विभिन्न स्कूलों के बच्चों द्वारा देशभक्ति पर आधारित सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। नृत्य, गीत और नाट्य प्रस्तुतियों ने राष्ट्रीय पर्व की गरिमा को और अधिक भव्य एवं स्मरणीय बना दिया।