सोने-चांदी के आयात की मंजूरी, राहत मिलने से कारोबारी खुश

विदेश व्यापार महानिदेशालय ने 15 बड़े बैंकों को सोना और चांदी आयात की अनुमति देकर बाजार को राहत दी है। इस फैसले से अटकी हुई खेपों की क्लियरेंस संभव होगी और अक्षय तृतीया से पहले सप्लाई बेहतर होने की उम्मीद है।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 18 April 2026, 1:13 PM IST
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New Delhi: सोने-चांदी के कारोबार में पिछले कुछ दिनों से जो अड़चन चल रही थी, आखिरकार उस पर ब्रेक लग गया है। इंपोर्ट की मंजूरी अटकी तो बाजार में हलचल तेज हो गई थी, सप्लाई घटने लगी थी और कीमतों पर दबाव बढ़ रहा था। लेकिन जैसे ही इंपोर्ट की मंजूरी मिली, बाजार ने राहत की सांस ली और कारोबारियों के चेहरे खिल उठे।

15 बड़े बैंकों को आयात की मंजूरी

विदेश व्यापार महानिदेशालय ने शुक्रवार को 15 प्रमुख बैंकों को सोना और चांदी के आयात की अनुमति दे दी। इसमें भारतीय स्टेट बैंक, एचडीएफसी बैंक, पंजाब नैशनल बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, ऐक्सिस बैंक, कोटक महिंद्रा बैंक और इंडस्ट्रियल ऐंड कमर्शियल बैंक ऑफ चाइना जैसे बड़े नाम शामिल हैं। इसके अलावा बैंक ऑफ इंडिया, डॉयचे बैंक, फेडरल बैंक, इंडसइंड बैंक, इंडियन ओवरसीज बैंक, करूर वैश्य बैंक, आरबीएल बैंक और येस बैंक को भी यह अनुमति दी गई है।

RBI की सूची 2029 तक रहेगी वैध

भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा अधिकृत बैंकों की यह सूची अप्रैल 2026 से मार्च 2029 तक वैध रहेगी। खास बात यह है कि यूनियन बैंक ऑफ इंडिया और एसबीईआर बैंक को इस दौरान सिर्फ सोने के आयात की ही अनुमति दी गई है। इस फैसले से बैंकों को स्पष्टता मिल गई है और अब वे बिना किसी बाधा के आयात प्रक्रिया को आगे बढ़ा सकेंगे।

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अटकी खेपों को मिला रास्ता

रिपोर्ट्स के मुताबिक, अधिसूचना का इंतजार होने की वजह से करीब 5 टन सोना और 8 टन चांदी सीमा शुल्क में फंसी हुई थी। अब जैसे ही अनुमति मिली है, इन खेपों की क्लियरेंस का रास्ता साफ हो गया है। हर साल वित्त वर्ष की शुरुआत में इस तरह की अधिसूचना जारी होती है, लेकिन इस बार हुई देरी ने बाजार में थोड़ी बेचैनी पैदा कर दी थी।

बाजार पर असर और आगे की तस्वीर

अक्षय तृतीया जैसे बड़े मौके से ठीक पहले आई इस देरी को बाजार के लिए बड़ा झटका माना जा रहा था। सप्लाई कम होने से कीमतें बढ़ने का खतरा था और स्टॉक महंगा हो सकता था। हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि यह सिर्फ अस्थायी बाधा थी, न कि कोई बड़ा नीतिगत बदलाव। दुबई के साथ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट के तहत भारत को रियायती शुल्क पर 200 टन तक सोने के आयात की अनुमति है, जो बाजार को सपोर्ट देता है।

फैसले के बाद टाइटन कंपनी, कल्याण ज्वैलर्स इंडिया, पीसी ज्वेलर और ब्लूस्टोन ज्वेलरी जैसी कंपनियों के शेयरों में हलचल जरूर दिखी, लेकिन दिन के अंत तक बाजार स्थिर हो गया। कुल मिलाकर, इस फैसले ने सोना-चांदी बाजार को बड़ी राहत दी है और आने वाले दिनों में सप्लाई सामान्य होने की उम्मीद है।

Location :  New Delhi

Published :  18 April 2026, 1:13 PM IST

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