Sonbhadra: सम्मानजनक वेतन और नौकरी सुरक्षा के लिए आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों ने किया आंदोलन

सोनभद्र में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों और सहायिकाओं ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा। पूर्णकालिक नौकरी, वेतन, पेंशन और मातृत्व लाभ की मांगों पर ध्यान न देने पर संगठन ने अनिश्चितकालीन आंदोलन की चेतावनी दी।

Updated : 1 May 2026, 4:09 PM IST
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Sonbhadra: आंगनबाड़ी संयुक्त मोर्चा उत्तर प्रदेश के बैनर तले कार्यकत्रियों और सहायिकाओं ने अपनी लंबित मांगों को लेकर जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही उनकी मांगों पर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन उग्र रूप ले सकता है।

आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की भूमिका और समस्याएं

ज्ञापन में कहा गया कि प्रदेश में सरकार द्वारा चलाई जा रही जनकल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर लागू करने में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की अहम भूमिका है। इसके बावजूद उन्हें अपने मूल अधिकारों के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। संगठन ने आरोप लगाया कि वर्षों से मांगें उठाने के बावजूद केवल आश्वासन ही मिला है, समाधान नहीं।

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पिछले आंदोलन और सरकार का आश्वासन

जिलाध्यक्ष प्रतिमा सिंह ने बताया कि 8 मार्च 2026 को महिला दिवस के अवसर पर हुए आंदोलन के बाद सरकार ने समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया था। साथ ही चेतावनी दी गई थी कि यदि 30 अप्रैल तक कोई ठोस निर्णय नहीं हुआ तो 1 मई से आंदोलन तेज किया जाएगा। अब समय सीमा बीतने के बाद संगठन में आक्रोश बढ़ गया है।

संगठन की प्रमुख मांगें

  • आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों और सहायिकाओं को पूर्णकालिक सरकारी कर्मचारी का दर्जा देने।
  • सम्मानजनक वेतनमान लागू करना।
  • पेंशन, पीएफ, ग्रेच्युटी, महंगाई भत्ता और चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित करना।
  • मातृत्व लाभ प्रदान करना।
  • अतिरिक्त कार्यों के लिए अलग पारिश्रमिक।
  • स्पष्ट सेवा नियमावली और नौकरी की सुरक्षा।
  • सेवानिवृत्ति के बाद सम्मानजनक पेंशन और आर्थिक सुरक्षा।

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संगठन की चेतावनी

आंगनबाड़ी संयुक्त मोर्चा ने स्पष्ट किया कि यह ज्ञापन विरोध नहीं, बल्कि अपने अधिकारों के लिए अंतिम प्रयास है। यदि इस बार भी मांगों की अनदेखी हुई तो आंदोलन अनिश्चितकालीन और व्यापक जनआंदोलन का रूप ले सकता है। संगठन ने कहा कि उनकी मांगें सिर्फ अपने अधिकारों की रक्षा और जनकल्याणकारी योजनाओं को सफलतापूर्वक लागू करने के लिए हैं।

आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है और सरकार की तरफ से ठोस निर्णय का इंतजार किया जा रहा है। समय पर कार्रवाई न होने पर आंदोलन राज्यव्यापी आंदोलन में बदल सकता है।

Location :  Sonbhadra

Published :  1 May 2026, 4:09 PM IST

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