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Sitapur : शारदा नदी के बढ़ते जलस्तर और तेज कटान ने लहरपुर तहसील क्षेत्र के ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। नदी किनारे बसे गांवों पर मंडरा रहे खतरे को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। शनिवार शाम जिलाधिकारी डॉ. राजागणपति आर. खुद कटान प्रभावित इलाकों में पहुंचे और हालात का जायजा लिया।
जिलाधिकारी ने बसंतापुर, लखनीपुर और खाना मड़ोर गांवों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने शारदा नदी के किनारे चल रहे कटानरोधी कार्यों की प्रगति देखी और सिंचाई विभाग के अधिकारियों से मौजूदा स्थिति की जानकारी ली।
डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि नदी के जलस्तर और कटान में होने वाले किसी भी बदलाव को गंभीरता से लिया जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए और हर स्थिति पर लगातार नजर रखी जाए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने ग्रामीणों से सीधे बातचीत की और बाढ़ से जुड़ी समस्याओं की जानकारी ली। उन्होंने लोगों से स्वास्थ्य सेवाओं, स्कूलों की स्थिति, पेयजल व्यवस्था और अन्य जरूरी सुविधाओं के बारे में पूछा। ग्रामीणों की समस्याओं को सुनने के बाद डीएम ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल समाधान के निर्देश दिए।
खाना मड़ोर गांव में शारदा नदी के तट पर पहुंचकर डीएम ने अपस्ट्रीम क्षेत्र में हो रहे कटान का निरीक्षण किया। उन्होंने सिंचाई विभाग को तत्काल प्रभाव से कटानरोधी कार्य तेज करने के निर्देश दिए।
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संभावित खतरे को देखते हुए एसडीएम लहरपुर धामिनी दास को निर्देश दिया गया कि जरूरत पड़ने पर प्रभावित ग्रामीणों को समय रहते सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
जिलाधिकारी ने कहा कि किसी भी आपात स्थिति में सूचना तुरंत उच्च अधिकारियों तक पहुंचाई जाए, ताकि राहत और बचाव कार्य बिना देरी के शुरू किए जा सकें।
निरीक्षण के दौरान सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता विशाल पोरवाल, सहायक अभियंता, जूनियर इंजीनियर, लेखपाल समेत कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। प्रशासन ने बताया कि शारदा नदी की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
Location : Sitapur
Published : 9 August 2026, 1:26 AM IST