ताले में कैद ‘बच्चों का भविष्य’? सैफई सीडीपीओ कार्यालय की हालत देख लोग रह गए हैरान, उठे गंभीर सवाल

एक ऐसा सरकारी कार्यालय, जो बच्चों और माताओं के कल्याण की जिम्मेदारी संभालता है, वहां पहुंचकर लोगों को कुछ और ही तस्वीर देखने को मिली। बंद दरवाजे, सूना परिसर और लापरवाही की कहानी बयां करती हालत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर क्या वास्तव में योजनाएं जमीन पर पहुंच रही हैं या केवल कागजों में ही चल रही हैं?

Post Published By: Nidhi Kushwaha
Updated : 5 June 2026, 6:48 PM IST
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Saifai: इटावा जनपद के सैफई ब्लॉक स्थित खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) कार्यालय परिसर में संचालित बाल विकास परियोजना अधिकारी (सीडीपीओ) कार्यालय की स्थिति ने स्थानीय लोगों को चौंका दिया है। जब डाइनामाइट न्यूज़ की टीम मौके पर पहुंची तो कार्यालय भवन पर ताला लटका हुआ मिला और पूरा परिसर सुनसान नजर आया।

कार्यालय के आसपास उगी हुई घास, खराब रास्ते और गंदगी यह साफ संकेत दे रहे थे कि यहां लंबे समय से नियमित संचालन नहीं हो रहा है।

उपेक्षित परिसर ने बढ़ाई स्थानीय लोगों की चिंता

स्थानीय नागरिकों का कहना है कि जिस कार्यालय पर बच्चों और महिलाओं के पोषण, स्वास्थ्य और कल्याण से जुड़ी योजनाओं की जिम्मेदारी है, उसकी ऐसी स्थिति बेहद चिंताजनक है। लोगों ने बताया कि भवन के आसपास साफ-सफाई की कोई व्यवस्था नहीं दिखी और परिसर पूरी तरह उपेक्षित अवस्था में था। इससे सरकारी कामकाज की स्थिति पर सवाल उठने लगे हैं।

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जिम्मेदारी वाले विभाग पर उठे सवाल

बाल विकास परियोजना अधिकारी कार्यालय की जिम्मेदारी मातृत्व, शिशु स्वास्थ्य, पोषण और आंगनबाड़ी सेवाओं के संचालन और निगरानी की होती है। ऐसे में कार्यालय का बंद मिलना गंभीर चिंता का विषय माना जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर कार्यालय नियमित रूप से नहीं खुल रहा है तो इसका सीधा असर लाभार्थियों पर पड़ सकता है। खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं और बच्चों को मिलने वाली योजनाएं प्रभावित हो सकती हैं।

न अधिकारी मिले, न गतिविधि का पता

मौके पर न तो कोई अधिकारी मौजूद मिला और न ही कार्यालय के भीतर किसी प्रकार की गतिविधि दिखाई दी। इस स्थिति ने प्रशासनिक व्यवस्था की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगों का कहना है कि सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए ऐसे कार्यालयों का सक्रिय रहना बेहद जरूरी है, लेकिन जमीनी हालात कुछ और ही कहानी बता रहे हैं।

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योजनाओं के क्रियान्वयन पर उठे सवाल

सीडीपीओ कार्यालय का मुख्य उद्देश्य आंगनबाड़ी केंद्रों की निगरानी, बच्चों के पोषण स्तर में सुधार और महिलाओं के स्वास्थ्य से जुड़ी योजनाओं को लागू करना है। लेकिन कार्यालय की मौजूदा स्थिति को देखकर यह सवाल उठ रहा है कि क्या ये योजनाएं वास्तव में धरातल पर पहुंच पा रही हैं।

प्रशासन से जवाब की उम्मीद

स्थानीय लोगों ने इस मामले में प्रशासन से स्पष्टीकरण और कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि अगर कार्यालय लंबे समय से बंद है तो इसकी जांच होनी चाहिए और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की जानी चाहिए।

Location :  Saifai

Published :  5 June 2026, 6:48 PM IST

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