नोएडा की खुफिया एजेंसी फिर हुई फेल! 6 साल से अवैध वीजा पर रह रहा था चीन का नागरिक, बीवी के नाम पर कर रहा था धंधा

ग्रेटर नोएडा में छह साल से अवैध तरीके से रह रहे एक चीनी नागरिक की गिरफ्तारी ने सुरक्षा और खुफिया एजेंसियों की निगरानी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस के मुताबिक आरोपी का वीजा 25 जून 2020 को ही खत्म हो गया था। इसके बाद उसने फर्जी आधार और पैन कार्ड बनवाकर अपनी पहचान छिपाई और मणिपुर की महिला से शादी कर उसके नाम पर कंस्ट्रक्शन कंपनी चलाने लगा। पुलिस अब पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 29 July 2026, 12:50 PM IST
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Noida Desk: ग्रेटर नोएडा में छह साल से अवैध तरीके से रह रहे एक चीनी नागरिक का बड़ा मामला सामने आया है। बीटा-2 थाना पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि उसका भारतीय वीजा वर्ष 2020 में ही समाप्त हो गया था, लेकिन उसने भारत छोड़ने के बजाय फर्जी दस्तावेज बनवाकर अपनी पहचान छिपा ली। इतना ही नहीं, आरोपी ने मणिपुर की एक महिला से शादी कर उसकी नाम से कंस्ट्रक्शन कंपनी भी संचालित करनी शुरू कर दी। जिसमें कई भारतीय कर्मचारी भी काम कर रहे हैं। मामले के सामने आने के बाद पुलिस और संबंधित एजेंसियां पूरे नेटवर्क की जांच में जुट गई हैं। इससे एक बार फिर पता चलता है कि जिले की LIU (खुफिया एजेंसी) सोई हुई है। क्योंकि 6 साल तक आरोपी जिले में रहा और खुफिया एजेंसी को पता तक नहीं चल पाया।

पुलिस को देखकर भागा था चीनी नागरिक

बीटा-2 कोतवाली प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार ने बताया कि पिछले सप्ताह पुलिस ने बिना वैध वीजा के भारत में रह रही म्यांमार की एक घरेलू सहायिका ललाई को गिरफ्तार किया था। जांच के दौरान पता चला कि जिस घर में वह काम करती थी, वहां एक चीनी नागरिक भी रह रहा था। कार्रवाई के दौरान जब पुलिस ने उससे वीजा और पहचान संबंधी दस्तावेज मांगे तो वह मौके से भाग निकला। इसके बाद उसकी तलाश शुरू की गई और मंगलवार की शाम को उसे गिरफ्तार कर लिया गया। उसके बाद से ही पूछताछ की जा रही है, जिसमें अहम जानकारी हाथ लगी।

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2020 में खत्म हो चुका था वीजा

पूछताछ और दस्तावेजों की जांच में पता चला कि आरोपी की पहचान सोंग शियामाओ के रूप में हुई है। उसका भारतीय वीजा 25 जून 2020 को समाप्त हो चुका था। इसके बावजूद उसने न तो भारत छोड़ा और न ही वीजा बढ़ाने के लिए कोई आवेदन किया। पुलिस का कहना है कि आरोपी पिछले छह वर्षों से अवैध रूप से भारत में रह रहा था।

फर्जी आधार, पैन कार्ड और मोबाइल सिम

जांच में यह भी सामने आया कि वीजा समाप्त होने के बाद आरोपी ने नोएडा के पते पर फर्जी आधार कार्ड बनवाया। इसी आधार कार्ड के आधार पर पैन कार्ड तैयार कराया और मोबाइल सिम भी हासिल कर ली। पुलिस का मानना है कि आरोपी ने सरकारी दस्तावेजों का दुरुपयोग कर अपनी असली पहचान छिपाने की कोशिश की।

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पत्नी के नाम से चला रहा था कंस्ट्रक्शन कारोबार

पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने मणिपुर की एक महिला से शादी की और उसके नाम से कंस्ट्रक्शन कंपनी का संचालन शुरू कर दिया। कंपनी में कई भारतीय कर्मचारी भी कार्यरत बताए जा रहे हैं। पुलिस अब कंपनी के संचालन, वित्तीय लेन-देन और उससे जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है।

संबंधित एजेंसियों को भेजी गई सूचना

पुलिस ने आरोपी के कब्जे से आधार कार्ड, पैन कार्ड, वीजा की प्रति और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए हैं। आरोपी के खिलाफ आव्रजन एवं विदेशी अधिनियम सहित अन्य संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पुलिस ने बताया कि आरोपी के विदेशी नागरिक होने के कारण संबंधित केंद्रीय एजेंसियों और चीनी दूतावास को भी आवश्यक सूचना भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। मामले की विस्तृत जांच जारी है।

Location :  Noida

Published :  29 July 2026, 12:50 PM IST

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