Greater Noida: गांव में था इतना खौफ कि ग्रामीणों ने कर दिया था बहिष्कार, एनकाउंटर में मारे गए बलराज की पूरी कहानी

नोएडा में बच्ची से दुष्कर्म और हत्या के आरोपित बलराज उर्फ बल्ले की पुलिस मुठभेड़ में मौत के बाद उसके पुराने कारनामे सामने आए हैं। ग्रामीणों का दावा है कि उसकी हरकतों से परेशान होकर करीब पांच-छह साल पहले उसे गांव से बाहर कर दिया गया था। उस पर बच्चों, बच्चियों और पशुओं के साथ गलत हरकत के अलावा एक बुजुर्ग महिला की दुष्कर्म के बाद हत्या का भी आरोप लगा था।

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 3 September 2026, 6:35 AM IST
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Greater Noida: बच्ची से दुष्कर्म और हत्या के आरोप में पुलिस मुठभेड़ में मारे गए बलराज उर्फ बल्ले को लेकर अब उसके गांव से कई चौंकाने वाली बातें सामने आ रही हैं। ग्रामीणों का दावा है कि बलराज की हरकतों से लोग इतने परेशान थे कि करीब पांच से छह साल पहले ही उसका गांव में रहना मुश्किल कर दिया गया था। आरोप है कि वह सिर्फ बच्चों और बच्चियों को ही निशाना नहीं बनाता था, बल्कि पशुओं के साथ भी अप्राकृतिक यौनाचार करता था। कई ग्रामीणों ने कथित तौर पर उसे पशुओं के साथ गलत हरकत करते हुए देखा था।

गांव में हो गया था सामाजिक बहिष्कार

ग्रामीणों के मुताबिक बलराज बचपन से ही गलत संगत में पड़ गया था। धीरे-धीरे उसे शराब, गांजा और स्मैक जैसे नशे की लत लग गई। नशे की हालत में वह आए दिन लोगों से झगड़ा करता था। गांव के आसपास बनी झुग्गियों में रहने वाले बच्चों के साथ छेड़खानी करने के आरोप भी उस पर लगाए गए।

उसकी हरकतों से परेशान होकर गांव के लोगों ने उससे दूरी बनानी शुरू कर दी थी। बताया जा रहा है कि स्थिति ऐसी हो गई थी कि गांव में कोई उससे बातचीत तक नहीं करता था। ग्रामीणों ने एक तरह से उसका सामाजिक बहिष्कार कर दिया था।

भाइयों ने भी छोड़ दिया था गांव

ग्रामीणों ने बताया कि बलराज तीन भाइयों में से एक था। उसके पिता का दूध का कारोबार था। पिता की 1990 में और मां की 1999 में मौत हो गई थी। आरोप है कि बलराज की हरकतों से परेशान होकर उसके दोनों भाई भी काफी पहले गांव छोड़कर चले गए थे। अब उनके बारे में ग्रामीणों को कोई जानकारी नहीं है।

बताया गया कि बलराज ने अपने भाइयों के साथ भी कई बार मारपीट की थी। बाद में गांव छोड़ने से पहले उसने अपना पैतृक मकान गांव के ही एक व्यक्ति को बेच दिया। अब यह मकान खंडहर में तब्दील हो चुका है।

बुजुर्ग महिला की हत्या का भी लगा था आरोप

ग्रामीणों के मुताबिक बलराज पर एक 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला के साथ दुष्कर्म के बाद उसकी हत्या करने का भी आरोप लगा था। बच्ची की घटना से कुछ महीने पहले यह मामला सामने आने की बात कही जा रही है। हालांकि इन सभी पुराने आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

जेल में बना था अपराधियों से संपर्क

पुलिस के मुताबिक बलराज का संपर्क कई आपराधिक गतिविधियों में शामिल लोगों से था। वह कई मामलों में जेल भी जा चुका था। करीब छह से सात महीने पहले घोड़ा चोरी के मामले में उसके जेल जाने की बात सामने आई है। बताया जा रहा है कि जेल में ही उसकी मुलाकात बच्ची के पड़ोस में रहने वाले एक युवक से हुई थी।

आरोप है कि वह युवक भी लूट और चोरी के मामलों में जेल जा चुका है। जेल में दोनों की दोस्ती हुई और बाद में उसी युवक ने बलराज की जमानत भी कराई थी। पुलिस का कहना है कि बच्ची की घटना के समय बलराज जमानत पर बाहर था।

बच्ची के अंतिम संस्कार से पहले सड़क पर हंगामा

बच्ची का शव परिजनों को सौंपे जाने के बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। दादरी-भंगेल रोड पर लोगों ने हत्यारोपित को फांसी देने की मांग को लेकर हंगामा शुरू कर दिया। प्रदर्शन के कारण मुख्य सड़क पर कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया। स्थिति संभालने के लिए पुलिस को रूट डायवर्ट करना पड़ा। कच्ची सड़क से वाहनों को 60 मीटर रोड होते हुए किसान चौक की तरफ भेजा गया। पुलिस मुठभेड़ में बलराज की मौत की खबर के बाद पीड़ित परिवार और ग्रामीण शांत हुए। इसके बाद गमगीन माहौल में बच्ची का अंतिम संस्कार किया गया।

Location :  Greater Noida

Published :  3 September 2026, 6:35 AM IST

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