Johar University: 38 भवनों पर कार्रवाई की तैयारी से मचा सियासी बवाल! आखिर छात्रों के भविष्य का क्या होगा?

रामपुर स्थित मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय के 38 भवनों पर प्रस्तावित कार्रवाई के विरोध में बलरामपुर में समाजवादी पार्टी ने प्रदर्शन किया। नेताओं ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई रोकने की मांग की और कहा कि इससे हजारों छात्रों का भविष्य प्रभावित होगा। प्रशासन से समाधान निकालने की अपील की गई।

Balrampur: रामपुर स्थित मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय के 38 भवनों पर प्रस्तावित प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर उत्तर प्रदेश की राजनीति गर्मा गई है। बलरामपुर जिला मुख्यालय पर समाजवादी पार्टी ने इस मुद्दे को लेकर विरोध-प्रदर्शन किया। सपा जिलाध्यक्ष मानिक लाल कश्यप और गैसड़ी विधायक राकेश यादव के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपना विरोध दर्ज कराया।

राज्यपाल के नाम सौंपा ज्ञापन

प्रदर्शन के बाद समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने एडीएम (न्यायिक) के माध्यम से राज्यपाल आनंदीबेन पटेल को संबोधित ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कहा गया कि वर्ष 2006 से संचालित मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय प्रदेश का एक प्रमुख शिक्षण संस्थान है, जहां हजारों छात्र-छात्राएं उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। यदि 38 भवनों पर प्रस्तावित कार्रवाई होती है तो इसका सीधा असर विद्यार्थियों की पढ़ाई और भविष्य पर पड़ेगा।

सपा नेताओं ने उठाए कई सवाल

गैसड़ी विधायक राकेश यादव ने कहा कि सरकार का दायित्व शिक्षण संस्थानों को मजबूत बनाना है, न कि ऐसी परिस्थितियां पैदा करना जिससे छात्रों की शिक्षा प्रभावित हो। उन्होंने कहा कि यदि किसी प्रकार की तकनीकी, मानचित्र या प्रशासनिक कमी है तो उसका समाधान कानून और संवाद के जरिए निकाला जाना चाहिए।

वहीं पूर्व विधायक जगराम पासवान ने कहा कि शिक्षा संस्थानों से जुड़े विवादों का समाधान संवैधानिक और कानूनी प्रक्रिया के तहत होना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रस्तावित कार्रवाई से हजारों छात्रों का भविष्य संकट में पड़ सकता है।

Anti Paper Leak Bill पर छिड़ा संग्राम: पक्ष ने गिनाईं सख्त सजा की खूबियां, विपक्ष ने दागे तीखे सवाल

छात्र हितों को प्राथमिकता देने की मांग

पूर्व एमएलसी प्रत्याशी डॉ. भानु त्रिपाठी ने कहा कि यदि विश्वविद्यालय परिसर में किसी प्रकार की तकनीकी या निर्माण संबंधी कमी है तो संबंधित प्रबंधन को उसे सुधारने का अवसर दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसी भी निर्णय में छात्रों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता मिलनी चाहिए।

जिस हाथ ने चलना सिखाया, उसी ने ले ली पिता की जान; बलरामपुर में कलयुगी बेटे के गुस्से ने उजाड़ दिया हंसता-खेलता परिवार

सरकार से समाधान निकालने की अपील

समाजवादी पार्टी ने ज्ञापन के माध्यम से मांग की कि प्रस्तावित कार्रवाई पर तत्काल रोक लगाई जाए तथा शासन, प्रशासन और विश्वविद्यालय प्रबंधन के बीच समन्वय स्थापित कर ऐसा समाधान निकाला जाए जिससे छात्रों की शिक्षा प्रभावित न हो। प्रदर्शन में प्रदेश सचिव सफीउल्लाह उर्फ विकास मंत्री, ओंकार पटेल, वसीम खान सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

Location :  Balrampur

Published :  27 July 2026, 4:23 PM IST

Related News

Advertisement