नौकरी के नाम पर बैंक खाता मांगा तो समझो खेल खत्म, गोरखपुर पुलिस ने दबोचा शातिर अपराधी

गोरखपुर में करोड़ों की साइबर ठगी का भंडाफोड़ हुआ है। रामगढ़ताल पुलिस और साइबर टीम ने आरोपी शिवम साहनी को गिरफ्तार किया है। आरोपी बेरोजगारों को नौकरी का झांसा देकर उनके नाम पर सिम और बैंक खाते खुलवाते थे, जिनका इस्तेमाल देश भर में ठगी की रकम के लेन-देन और क्रिप्टो खरीदने के लिए किया जाता था।

Gorakhpur: गोरखपुर पुलिस ने साइबर ठगी के एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए रामगढ़ताल क्षेत्र से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी और उसके साथियों ने बेरोजगार लोगों को अच्छी नौकरी और आर्थिक सहायता का झांसा देकर उनके नाम पर सिम कार्ड और बैंक खाते खुलवाए। बाद में उन्हीं खातों का इस्तेमाल देशभर में साइबर ठगी की रकम के लेन-देन के लिए किया गया। जांच में अब तक करीब 8 करोड़ 37 लाख रुपये की साइबर ठगी का खुलासा हुआ है।

आरोपियों को किया गिरफ्तार

पुलिस अधीक्षक नगर के निर्देशन, क्षेत्राधिकारी कैंट के पर्यवेक्षण तथा प्रभारी निरीक्षक श्यामानंद राय के नेतृत्व में रामगढ़ताल थाना पुलिस और साइबर टीम ने कार्रवाई करते हुए शिवम साहनी पुत्र कृष्ण मोहन साहनी, निवासी झड़वा, थाना रामगढ़ताल को गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से अपराध में प्रयुक्त दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने मुकदमे में भारतीय न्याय संहिता की अतिरिक्त धाराएं भी बढ़ाई हैं।

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पीड़ित ने दर्ज की शिकायत

पुलिस के मुताबिक 11 जुलाई को पीड़ित ने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसे अच्छी नौकरी दिलाने और आर्थिक मदद का लालच देकर उसके नाम पर कई सिम कार्ड और विभिन्न बैंकों में खाते खुलवाए गए। इसके बाद इंटरनेट बैंकिंग, यूजर आईडी, पासवर्ड और चेकबुक आरोपियों ने अपने कब्जे में ले लिए। जब पीड़ित ने विरोध किया तो उसे जान से मारने की धमकी दी गई।

बैंक खातों में होती थी ठगी की रकम

साइबर टीम की जांच में सामने आया कि इन बैंक खातों का एक्सेस एक ऑनलाइन ग्रुप को उपलब्ध कराया जाता था। देश के विभिन्न राज्यों से साइबर ठगी की रकम इन्हीं खातों में जमा कराई जाती थी। इसके बाद धनराशि को फोनपे, एटीएम और अन्य माध्यमों से निकालकर आंशिक राशि से यूएसडीटी (USDT) खरीदी जाती थी, जबकि शेष रकम आरोपियों द्वारा निजी लाभ के लिए इस्तेमाल की जाती थी। जांच में अब तक 10 से 12 बैंक खातों के जरिए करोड़ों रुपये के लेन-देन के साक्ष्य मिले हैं।

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आरोपी के खिलाफ दर्ज किया मुकदमा

पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ गोरखपुर के अलावा गुजरात के साइबर थाने में भी साइबर ठगी और आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज है। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों, ऑनलाइन नेटवर्क और धन के पूरे ट्रेल की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस संगठित साइबर गिरोह से जुड़े अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी भी की जाएगी।

Location :  Gorakhpur

Published :  12 July 2026, 6:00 PM IST

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