लखनऊ अग्निकांड के बाद मुजफ्फरनगर में ताबड़तोड़ कार्रवाई, मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने प्रशासन को दी नसीहत

लखनऊ अग्निकांड के बाद मुजफ्फरनगर में जिला प्रशासन ने फायर सेफ्टी जांच अभियान तेज कर दिया है। कोचिंग सेंटर, अस्पताल, दुकानों और कॉम्प्लेक्स पर कार्रवाई करते हुए 24 संस्थान सील किए गए और 35 को नोटिस मिला। मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने ताबड़तोड़ कार्रवाई पर नाराजगी जताई।

Post Published By: Poonam Rajput
Updated : 27 June 2026, 2:34 PM IST
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Muzaffarnagar: लखनऊ में हुए भीषण अग्निकांड के बाद उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में जिला प्रशासन ने फायर विभाग, एमडीए और बिजली विभाग की संयुक्त टीम के साथ बड़े पैमाने पर जांच अभियान शुरू कर दिया है। इस अभियान के तहत कोचिंग सेंटर, लाइब्रेरी, अस्पताल, होटल, शोरूम, दुकानों और व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स का निरीक्षण किया जा रहा है। सुरक्षा मानकों का पालन न मिलने पर अब तक 24 संस्थानों को सील किया जा चुका है, जबकि 35 प्रतिष्ठानों को कमियां दूर करने के लिए नोटिस जारी किए गए हैं।

अल हबीबी कॉम्प्लेक्स भी हुआ सील

शुक्रवार को संयुक्त टीम ने शहर के अल हबीबी कॉम्प्लेक्स का निरीक्षण किया। जांच में फायर सेफ्टी और अन्य आवश्यक मानकों की कमी मिलने पर पूरे परिसर को सील कर दिया गया। इस कॉम्प्लेक्स में लगभग 20 दुकानें और एक जिम संचालित हो रहा था। अधिकारियों का कहना है कि परिसर में फायर एनओसी और पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम नहीं थे तथा आपातकालीन निकासी की व्यवस्था भी मानकों के अनुरूप नहीं मिली।

कार्रवाई पर मंत्री कपिल देव अग्रवाल की नाराजगी

जिला प्रशासन की लगातार हो रही सीलिंग कार्रवाई पर उत्तर प्रदेश सरकार में स्वतंत्र प्रभार राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि लखनऊ जैसी दुखद घटना के बाद सुरक्षा इंतजाम मजबूत करना जरूरी है, लेकिन कार्रवाई इस तरह नहीं होनी चाहिए जिससे व्यापारियों में भय और आतंक का माहौल बन जाए।

मंत्री ने कहा कि जिन प्रतिष्ठानों में कमियां हैं, उन्हें पहले नोटिस देकर सुधार का अवसर दिया जाना चाहिए। उन्होंने प्रशासन से अपील की कि आवश्यक मामलों में ही सीलिंग की जाए और कार्रवाई मर्यादित तरीके से हो ताकि व्यापार प्रभावित न हो।

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सुरक्षा मानकों से कोई समझौता नहीं

मुख्य अग्निशमन अधिकारी (सीएफओ) अनुराग सिंह ने बताया कि संयुक्त निरीक्षण के दौरान जिन प्रतिष्ठानों में फायर एनओसी, अग्निशमन उपकरण, सुरक्षित निकासी मार्ग और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं नहीं मिलीं, उनके खिलाफ कार्रवाई की गई है। उन्होंने कहा कि अभी तक 24 प्रतिष्ठानों को सील किया जा चुका है और 30 से 35 संस्थानों को नोटिस जारी किए गए हैं।

उन्होंने स्पष्ट किया कि जहां बेसमेंट का गलत उपयोग, एकमात्र सीढ़ी या अग्नि सुरक्षा की गंभीर कमी पाई जाएगी, वहां आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। प्रशासन का उद्देश्य किसी को परेशान करना नहीं, बल्कि भविष्य में संभावित हादसों को रोकना और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

Location :  Muzaffarnagar

Published :  27 June 2026, 2:34 PM IST

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