पिता की मौत, घर में मातम… तभी सादे कागज पर लिया गया अंगूठा; लखनऊ की घटना ने चौंकाया

लखनऊ के रहीमाबाद थाना क्षेत्र के खड़ौहा गांव में पिता की मौत के बाद जमीन को लेकर बेहद हैरान करने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि मृतक के इकलौते बेटे ने कथित तौर पर पिता के शव के अंगूठे का निशान सादे कागज पर लगवाया। इस दौरान उसका चचेरा भाई भी मदद करता नजर आया। ग्रामीणों ने घटना का वीडियो बना लिया, जो सामने आने के बाद पूरे इलाके में चर्चा का विषय बन गया है।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 13 August 2026, 4:35 PM IST
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Lucknow: लखनऊ के रहीमाबाद इलाके के खड़ौहा गांव में सामने आई एक घटना ने रिश्तों को शर्मसार कर दिया। जिस पिता की मौत के बाद घर में मातम और परिजनों की आंखों में आंसू होने चाहिए थे, उसी वक्त उनके शव के अंगूठे का निशान सादे कागज पर लगवाने का आरोप बेटे पर लगा है। बताया जा रहा है कि मृतक के इकलौते बेटे ने कथित तौर पर जमीन से जुड़े दस्तावेजों के लिए पिता के मृत शरीर के अंगूठे का निशान लेने की कोशिश की। आरोप है कि इस काम में उसके चचेरे भाई ने भी मदद की।

बुजुर्ग माता-पिता को घर से निकालने का भी आरोप

मृतक छत्रपाल के परिवार की ओर से उनके बेटे महेंद्र और बहू लक्ष्मी पर बुजुर्ग माता-पिता के साथ दुर्व्यवहार करने के आरोप लगाए गए हैं। परिजनों के मुताबिक, महेंद्र और उसकी पत्नी अपने बुजुर्ग माता-पिता के साथ अक्सर अभद्र व्यवहार करते थे। आरोप है कि वर्ष 2023 में दोनों ने छत्रपाल और उनकी पत्नी शिवदेवी को पैतृक घर से निकाल दिया था। इसके बाद बुजुर्ग दंपती को अपने ही घर में रहने के बजाय रिश्तेदारों के यहां सहारा लेना पड़ा।

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बेटियों के घर रहने लगे थे बुजुर्ग माता-पिता

परिजनों के अनुसार वर्ष 2024 में छत्रपाल और उनकी पत्नी शिवदेवी अपनी विवाहित बेटी सुमन के घर लखनऊ चले गए थे। इसके अलावा वे अपनी दो अन्य विवाहित बेटियों के घर भी आते-जाते रहे। बताया जा रहा है कि बेटियों ने अपने बुजुर्ग माता-पिता की देखभाल की। इससे खुश होकर छत्रपाल ने अपनी करीब साढ़े छह बीघा जमीन में से तीनों बेटियों को एक-एक बीघा जमीन दे दी थी।

झगड़े के बाद पिता को अपने साथ ले गया था बेटा

छत्रपाल की बेटी सुमन के मुताबिक, उनके पिता की तबीयत 7 जुलाई को अचानक खराब हुई थी। इसकी जानकारी उनके भाई महेंद्र को भी दी गई थी। सुमन का आरोप है कि इसके बाद महेंद्र और उसकी पत्नी अपने कुछ परिजनों के साथ लखनऊ पहुंचे। वहां पिता को इलाज कराने के नाम पर अपने साथ ले जाने को लेकर विवाद हुआ और झगड़ा भी किया गया। परिवार के मुताबिक महेंद्र अपने पिता छत्रपाल को इलाज कराने की बात कहकर अपने साथ ले गया था। लेकिन इसके महज दो दिन बाद ही 9 जुलाई को छत्रपाल की मौत हो गई।

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सादे कागज पर अंगूठा लगवाने का आरोप

परिजनों के मुताबिक, पिता की मौत के बाद जमीन से जुड़ा विवाद एक बार फिर सामने आया। आरोप है कि महेंद्र ने मृत पिता के अंगूठे का निशान सादे कागज पर लगवाया। बताया जा रहा है कि इस दौरान महेंद्र अपने चचेरे भाई की मदद ले रहा था। मौके पर मौजूद कुछ ग्रामीणों को जब यह सब दिखाई दिया तो उन्होंने चोरी से मोबाइल फोन में वीडियो रिकॉर्ड कर लिया।

ग्रामीणों ने कहा- बेटियों ने निभाया फर्ज

घटना को लेकर ग्रामीणों में भी नाराजगी दिखाई दे रही है। लोगों ने मृतक के शव से कथित तौर पर अंगूठे का निशान लिए जाने की निंदा की है। ग्रामीणों का कहना है कि जिसने अपने जीवन में माता-पिता की सेवा और सम्मान नहीं किया, उससे मृत पिता के सम्मान की उम्मीद भी नहीं की जा सकती। लोगों ने बुजुर्ग की बेटियों की भी तारीफ की, जिन्होंने उनके मुश्किल समय में साथ दिया और देखभाल की।

Location :  Lucknow

Published :  13 August 2026, 4:35 PM IST

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