आदेश के बाद भी नहीं हुआ फैसला, हाईकोर्ट की अवमानना कार्रवाई में घिरे सुलतानपुर बीएसए

सुलतानपुर में सात शिक्षक-कर्मचारियों से जुड़े पदोन्नति वेतनमान मामले में हाईकोर्ट के चार सप्ताह में निर्णय लेने के आदेश का समय पर अनुपालन न होने का आरोप है। मामले में बीएसए उपेंद्र गुप्ता के खिलाफ अवमानना कार्यवाही शुरू हुई है।

Post Published By: Ramdev Gupta
Updated : 1 October 2026, 7:49 PM IST
google-preferred

Sultanpur: इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ के आदेश के बावजूद निर्धारित समय में कार्रवाई न किए जाने का मामला अब बेसिक शिक्षा विभाग के सामने नई कानूनी स्थिति लेकर आया है। सात शिक्षक-कर्मचारियों से जुड़े मामले में न्यायालय के चार सप्ताह के भीतर निर्णय लेने के निर्देश का अनुपालन न होने के आरोप में सुलतानपुर के बेसिक शिक्षा अधिकारी उपेंद्र गुप्ता के खिलाफ अवमानना की कार्यवाही शुरू हुई है।

न्यायमूर्ति सौरभ लवाणिया की पीठ ने अवमानना याचिका संख्या 3728/2026 पर सुनवाई करते हुए संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी किया है।

सात शिक्षक-कर्मचारियों से जुड़ा है मामला

मामला राम यज्ञ पांडेय समेत सात शिक्षक-कर्मचारियों के पदोन्नति वेतनमान और अंतिम सूची जारी किए जाने से जुड़ा है। याचिकाकर्ताओं ने अपने अधिकारों से संबंधित मामले को लेकर हाईकोर्ट का रुख किया था।

मामले की सुनवाई के दौरान न्यायालय ने 1 जुलाई 2026 को संबंधित अधिकारियों को चार सप्ताह के भीतर मामले पर निर्णय लेने का निर्देश दिया था।

ये भी पढ़ें: गांधी जयंती पर सुल्तानपुर में कार्यक्रमों की धूम: सर्वधर्म प्रार्थना से लेकर चरखा यज्ञ तक, प्रशासन ने तैयार किया भव्य खाका

समयसीमा बीती, नहीं हुआ अपेक्षित निर्णय

याचिकाकर्ता पक्ष के अनुसार न्यायालय की ओर से निर्धारित चार सप्ताह की अवधि बीत जाने के बाद भी आदेश के अनुरूप अपेक्षित निर्णय नहीं लिया गया। लंबे समय तक कार्रवाई न होने पर याचिकाकर्ता राम यज्ञ पांडेय की ओर से अवमानना याचिका दाखिल की गई।

इसी याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी किया है। अब अधिकारियों को न्यायालय के समक्ष अपना पक्ष रखना होगा।

ये भी पढ़ें: Deoria News: एचपीसीएल डिपो के बाहर पाइपलाइन मरम्मत के दौरान लगी आग, मचा हड़कंप

पहले रिट याचिका के जरिए पहुंचा था मामला

शिक्षक-कर्मचारियों का यह विवाद पहले भी हाईकोर्ट पहुंच चुका था। याचिकाकर्ताओं की ओर से रिट-ए संख्या 3678/2026 दाखिल कर पदोन्नति वेतनमान का लाभ दिए जाने और अंतिम सूची जारी करने की मांग की गई थी।

याचिका में 21 जनवरी 2026 के उस आदेश को भी चुनौती दी गई थी, जिसमें ऑफलाइन शिकायत प्रक्रिया को स्वीकार नहीं किया गया था। इसके बाद न्यायालय ने 1 जुलाई को संबंधित अधिकारियों को मामले पर चार सप्ताह में निर्णय लेने का निर्देश दिया था।

ये भी पढ़ें: सिसवा विधानसभा में तूफानी दौरे पर रहे पूर्व मंत्री सुशील टिबड़ेवाल, बीमार व शोकाकुल परिवारों से मिले

अब अधिकारियों के जवाब पर नजर

अवमानना नोटिस जारी होने के बाद संबंधित अधिकारियों को यह स्पष्ट करना होगा कि हाईकोर्ट के चार सप्ताह में निर्णय लेने के निर्देश का समयसीमा के भीतर अनुपालन क्यों नहीं हो सका। आगे की न्यायिक कार्रवाई अधिकारियों के जवाब और न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत तथ्यों पर निर्भर करेगी।

बीएसए बोले- आदेश के क्रम में होगी कार्रवाई

बेसिक शिक्षा अधिकारी उपेंद्र गुप्ता ने कहा कि हाईकोर्ट के आदेश के क्रम में अनुपालन की कार्रवाई की जाएगी।

अब मामले में होने वाली अगली सुनवाई और अधिकारियों की ओर से दाखिल किए जाने वाले जवाब पर नजर बनी हुई है।

Location :  sultanpur

Published :  1 October 2026, 7:49 PM IST

Advertisement