आगरा में नकली दवाओं का बड़ा खेल! एफएसडीए ने जब्त की 3.80 करोड़ की दवाएं, फर्मों पर छापे से मचा हड़कंप

आगरा में नकली और एक्सपायर दवाओं के खिलाफ एफएसडीए की बड़ी कार्रवाई सामने आई है। एक महीने चले मिशन सैंपल अभियान में 3.80 करोड़ रुपये की दवाएं जब्त की गई हैं। कई मेडिकल फर्मों पर कार्रवाई के बाद अब जांच तेज कर दी गई है।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 16 June 2026, 10:34 AM IST
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Agra: आगरा में दवाओं के नाम पर चल रहे एक बड़े खेल का खुलासा हुआ है। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) की कार्रवाई में करोड़ों रुपये की नकली, सरकारी, सैंपल और एक्सपायर दवाएं बरामद हुई हैं। एक महीने तक चले मिशन सैंपल अभियान में विभाग ने 3.80 करोड़ रुपये की दवाएं जब्त की हैं। इस कार्रवाई के बाद दवा कारोबारियों में हड़कंप मचा हुआ है। एफएसडीए ने दो अवैध गोदामों को सील कर दिया है, जहां अभी जांच बाकी है। आशंका जताई जा रही है कि इन गोदामों में भी करोड़ों रुपये की दवाएं हो सकती हैं।

38 मेडिकल फर्मों और गोदामों पर हुई कार्रवाई

एफएसडीए की आयुक्त डॉ. रोशन जैकब के नेतृत्व में यह अभियान चलाया गया। टीम ने दो चरणों में आगरा के अलग-अलग इलाकों में छापेमारी की। इस दौरान 38 मेडिकल फर्मों और गोदामों की जांच की गई। जांच में कई जगह दवाओं की खरीद-बिक्री के रिकॉर्ड में गड़बड़ी सामने आई। विभाग ने मौके से नकली दवाओं के साथ-साथ सरकारी सप्लाई की दवाएं, फिजिशियन सैंपल और एक्सपायर दवाएं बरामद कीं।

दो चरणों में जब्त हुई करोड़ों की दवाएं

एफएसडीए की कार्रवाई का पहला चरण 22 से 24 मई तक चला था। इस दौरान करीब तीन करोड़ रुपये की दवाएं जब्त की गई थीं। इसके बाद 12 से 14 जून तक चले दूसरे चरण में 80 लाख रुपये की दवाएं सीज की गईं। कुल मिलाकर अब तक 3.80 करोड़ रुपये की दवाएं जब्त की जा चुकी हैं। इन दवाओं में एंटीबायोटिक, कॉस्मेटिक, पेट संबंधी बीमारी, अस्थमा-सांस रोग, हृदय रोग, मधुमेह, जुकाम-खांसी की टैबलेट, सिरप और कैप्सूल शामिल हैं।

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90 दवाओं के सैंपल जांच के लिए भेजे गए

कार्रवाई के दौरान एफएसडीए टीम ने 90 दवाओं के नमूने लेकर जांच के लिए लैब भेजे हैं। इनमें पहले चरण में 48 और दूसरे चरण में 42 दवाओं के सैंपल लिए गए। सहायक आयुक्त औषधि अतुल उपाध्याय के मुताबिक, लखनऊ मुख्यालय से आई टीम ने 25 दिन तक अभियान चलाकर यह कार्रवाई की है। फिलहाल मामले की जांच जारी है।

नामी कंपनियों की महंगी दवाएं भी मिलीं

छापेमारी में बरामद दवाओं में देश-विदेश की कई नामी कंपनियों की दवाएं भी शामिल हैं। इनमें हृदय रोग, मधुमेह, थायराइड, अस्थमा, पेट की बीमारी और दूसरी गंभीर बीमारियों की महंगी दवाएं मिली हैं। अधिकारियों का कहना है कि इन बीमारियों की दवाओं की मांग ज्यादा होने के कारण इनके गलत तरीके से कारोबार की संभावना बनी रहती है।

बिल और स्टॉक रजिस्टर में मिली गड़बड़ी

जांच के दौरान कई मेडिकल फर्मों में दवाओं के खरीद-बिक्री बिल में अंतर मिला है। वहीं स्टॉक रजिस्टर में दर्ज दवाओं और मौके पर मिले स्टॉक में भी अंतर पाया गया। इसके बाद विभाग ने सभी संबंधित कारोबारियों को नोटिस जारी कर पिछले तीन महीने की खरीद-बिक्री का पूरा रिकॉर्ड मांगा है।

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दो अवैध गोदामों की जांच बाकी

एफएसडीए ने दो ऐसे गोदामों को सील किया है, जिनके मालिकों की जानकारी अभी तक नहीं मिल सकी है। विभाग ने गोदामों पर नोटिस चस्पा कर दिए हैं। अधिकारियों का कहना है कि गोदाम खुलने के बाद ही वहां मौजूद दवाओं की वास्तविक कीमत और मात्रा का पता चल सकेगा।

चार दवा कारोबारियों पर एफआईआर दर्ज

इस मामले में एफएसडीए ने चार दवा कारोबारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है। विभाग अब यह पता लगाने में जुटा है कि नकली और अवैध दवाओं का नेटवर्क कितना बड़ा है और इसमें कौन-कौन लोग शामिल हैं।

Location :  Agra

Published :  16 June 2026, 10:34 AM IST

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