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जल जीवन मिशन पर DM सख्त (IMG: Dynamite News)
Maharajganj: उत्तर प्रदेश के महराजगंज जिले के विकास कार्यों की रफ्तार और सरकारी योजनाओं की जमीनी स्थिति को लेकर जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने बुधवार को विकास भवन सभागार में अधिकारियों की समीक्षा बैठक में सख्त रुख अपनाया। विभागवार योजनाओं की समीक्षा करते हुए डीएम ने साफ कर दिया कि शासन की प्राथमिकता वाली योजनाओं में लापरवाही किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं होगी। लक्ष्य से पीछे रहने वाले अधिकारियों की जवाबदेही तय करने की चेतावनी भी दी गई।
जल जीवन मिशन की समीक्षा में अधूरी परियोजनाओं को लेकर जिलाधिकारी ने विशेष गंभीरता दिखाई। उन्होंने निर्देश दिया कि लंबित पेयजल परियोजनाओं को जल्द से जल्द पूरा कराया जाए। परियोजना पूर्ण होने के बाद संबंधित BDO स्वयं मौके पर जाकर भौतिक सत्यापन करेंगे। जल निगम द्वारा पाइपलाइन बिछाने के कारण क्षतिग्रस्त हुई सड़कों की मरम्मत भी प्राथमिकता से कराने के निर्देश दिए गए, ताकि ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी न हो।
पंचायती राज विभाग की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने खंड विकास अधिकारियों (BDO) और सहायक विकास अधिकारियों पंचायत (ADO) को तहसीलों से बेहतर समन्वय स्थापित कर योजनाओं की प्रगति तेज करने के निर्देश दिए।
तालाबों के पट्टों की 75 प्रतिशत राशि ओएसआर खातों में जमा कराने के साथ निर्धारित प्रारूप में सूचनाएं उपलब्ध कराने को कहा गया।
डीएम ने आरआरसी के प्रभावी संचालन और सामुदायिक शौचालयों को स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से बेहतर तरीके से संचालित कराने पर भी जोर दिया। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि योजनाओं की सिर्फ कागजी प्रगति नहीं, बल्कि मौके पर जाकर वास्तविक स्थिति की निगरानी सुनिश्चित की जाए।
वीबी-जी-राम योजना की समीक्षा में डीएम ने पिछले वित्तीय वर्ष की तुलना में अधिक मानव दिवस सृजित करने के निर्देश दिए। कन्वर्जेंस के तहत स्वीकृत कार्यों के प्राक्कलन तत्काल तैयार कर निर्माण शुरू कराने तथा एक सप्ताह के भीतर शत-प्रतिशत ग्राम पंचायतों में कार्य प्रारंभ कराने को कहा।
सार्वजनिक परिसंपत्तियों के अनुरक्षण, प्रमुख मार्गों और जल निकासी व्यवस्था की मरम्मत, कुलावों की सफाई तथा चक मार्गों पर मिट्टी भरान जैसे कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए। साथ ही एरिया ऑफिसर ऐप पर निर्धारित लक्ष्य के अनुसार निरीक्षण पूरा कराने को कहा गया।
पंचायत सहायकों की उपस्थिति में सुधार पर जिलाधिकारी ने प्रसन्नता जताई। जिला पंचायत राज अधिकारी ने बताया कि पंचायत सहायकों की औसत उपस्थिति 75 प्रतिशत हो गई है और जनपद प्रदेश में आठवें स्थान पर पहुंच गया है। जबकि पिछले माह महराजगंज 46वें स्थान पर था।
बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग की समीक्षा के दौरान एनआरसी में उपलब्ध बेड के सापेक्ष बच्चों की कम संख्या पर जिलाधिकारी ने असंतोष जताया। उन्होंने सैम एवं मैम बच्चों को चिन्हित कर आवश्यकतानुसार एनआरसी में भर्ती कराने के निर्देश दिए। प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार कराने के साथ प्रत्येक गांव में वीएचएसएनडी सत्र प्रभावी ढंग से आयोजित कराने को कहा।
‘प्रोजेक्ट पहचान’ के तहत विकासात्मक विलंब एवं अस्थायी दिव्यांगता वाले बच्चों की पहचान कर उन्हें समय से उपचार एवं पुनर्वास की सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी, जिला विकास अधिकारी, परियोजना निदेशक डीआरडीए, उपायुक्त श्रम रोजगार, उपायुक्त स्वरोजगार, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिला सूचना अधिकारी, अधिशासी अभियंता जल निगम, सभी BDO, CDPO और ADO पंचायत सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
Location : Maharajganj
Published : 19 August 2026, 7:59 PM IST
Topics : Gram Panchayat Vikas Jal Jeevan Mission Maharajganj News (महाराजगंज न्यूज़) VB G RAM Yojana