देवरिया के कृष्ण मोहन सिंह आत्महत्या मामले में शासन का बड़ा एक्शन, बेसिक शिक्षा अधिकारी शालिनी श्रीवास्तव सस्पेंड, जानें पूरा मामला

देवरिया के कृष्ण मोहन सिंह आत्महत्या प्रकरण में डीएम की संस्तुति पर बीएसए शालिनी श्रीवास्तव को निलंबित कर दिया गया है। हाईकोर्ट के आदेश के अनुपालन में लापरवाही को गंभीर कदाचार मानते हुए शासन ने विभागीय जांच के आदेश भी जारी किए हैं।

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 27 February 2026, 4:24 PM IST
google-preferred

Deoria: देवरिया में कृष्ण मोहन सिंह आत्महत्या मामले ने प्रशासनिक तंत्र को हिला दिया है और अब इस प्रकरण में बड़ी कार्रवाई देखने को मिली है। शासन ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शालिनी श्रीवास्तव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई जिलाधिकारी दिव्या मित्तल की 23 फरवरी 2026 को भेजी गई संस्तुति के आधार पर की गई है। शासन ने साफ कहा है कि शासकीय दायित्वों के निर्वहन में उदासीनता और लापरवाही गंभीर कदाचार की श्रेणी में आती है।

हाईकोर्ट आदेश में ढिलाई बनी वजह

शासन के बेसिक शिक्षा अनुभाग-1 द्वारा जारी आदेश के अनुसार, माननीय उच्च न्यायालय के आदेश के अनुपालन में शिथिलता और लगभग एक वर्ष तक प्रभावी कार्रवाई न किए जाने के आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए। इसी आधार पर उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियमावली-1999 के नियम-4 के तहत निलंबन और नियम-7 के तहत विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं। जांच की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए संयुक्त शिक्षा निदेशक, गोरखपुर मंडल को जांच अधिकारी बनाया गया है। निलंबन अवधि के दौरान शालिनी श्रीवास्तव को नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता मिलेगा और उनका संबद्धीकरण शिक्षा निदेशक (बेसिक) कार्यालय, लखनऊ से किया गया है।

सुहागरात पर दुल्हन बोली NO…सास बोली GO, ससुराल बना जंग का मैदान, जानें पूरा मामला

अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया, पहले भी हुई थी कार्रवाई

शासन ने यह भी सुनिश्चित किया है कि शिक्षा व्यवस्था प्रभावित न हो। देवरिया के बीएसए पद पर नियमित तैनाती होने तक डायट के प्राचार्य को अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। इससे शैक्षिक और प्रशासनिक कार्यों में किसी तरह की रुकावट न आए। उधर, इस पूरे प्रकरण में पहले ही पटल सहायक को निलंबित किया जा चुका है और परिजनों की तहरीर पर थाना गुलहरिया में नामजद मुकदमा भी दर्ज है।

लव जिहाद विवाद में बड़ा मोड़: नैनीताल कोर्ट के फैसले ने बदल दी कहानी, जानें क्या था दीक्षा हत्याकांड?

डीएम दिव्या मित्तल ने साफ कहा है कि जिले में पारदर्शिता और जवाबदेही सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह कार्रवाई प्रशासनिक सिस्टम को साफ संदेश देती है कि जिम्मेदारी से समझौता अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

Location : 
  • Deoria

Published : 
  • 27 February 2026, 4:24 PM IST

Advertisement
Advertisement