पटना के नौबतपुर में सनसनी: बधार में पड़े मिले दो मजदूरों के शव, मुआवजे के लिए अड़े लोग

पटना के नौबतपुर में खेतों में बिछाए गए खुले बिजली के तार की चपेट में आने से दो मजदूरों की दर्दनाक मौत हो गई। घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने मुआवजे और कार्रवाई की मांग को लेकर शव उठाने से रोक दिया।

Post Published By: Tanya Chand
Updated : 1 October 2026, 11:47 AM IST
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Patna: बिहार की राजधानी पटना से सटे नौबतपुर थाना क्षेत्र के शेखोपुर बधार में बुधवार रात एक दर्दनाक हादसा हो गया। ग्रीन सिटी साइट पर काम खत्म कर अपने डेरे की ओर लौट रहे दो मजदूर खेत में अवैध और असुरक्षित तरीके से बिछाए गए बिजली के खुले तार की चपेट में आ गए।

करंट इतना भीषण था कि दोनों मजदूरों ने मौके पर ही तड़प-तड़पकर दम तोड़ दिया। रात के अंधेरे के कारण किसी को इस हादसे की भनक तुरंत नहीं लग सकी, जिससे दोनों के शव रात भर बधार में ही पड़े रहे।

सुबह खेत पहुंचे किसानों ने देखे शव

गुरुवार की सुबह जब स्थानीय किसान अपने खेतों की ओर गए, तो उन्होंने बधार में दो युवकों को अचेत अवस्था में पड़ा देखा। पास जाकर देखने पर पता चला कि दोनों की मौत हो चुकी है। यह खबर पूरे इलाके में आग की तरह फैल गई और देखते ही देखते सैकड़ों ग्रामीणों की भीड़ मौके पर जुट गई।

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सूचना मिलते ही नौबतपुर पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंची। मृतकों में से एक की पहचान जानीपुर के कोर्रा गांव निवासी 18 वर्षीय चिंटू कुमार के रूप में हुई है, जबकि दूसरे मजदूर की पहचान कराने के प्रयास किए जा रहे हैं।

बोरिंग संचालकों और विभाग पर उठे सवाल

इस हादसे के बाद ग्रामीणों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया। स्थानीय लोगों का आरोप है कि खेतों में सिंचाई बोरिंग के लिए धड़ल्ले से नंगे और कट-फट वाले बिजली के तारों का इस्तेमाल किया जाता है।

ग्रामीणों ने कहा कि इस जानलेवा लापरवाही की शिकायत पहले भी कई बार की गई, लेकिन न तो बोरिंग संचालकों ने सुरक्षा मानकों पर ध्यान दिया और न ही बिजली विभाग ने कोई कड़ा कदम उठाया। इसी अनदेखी का नतीजा है कि दो मासूम कामगारों को अपनी जान गंवानी पड़ी।

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मुआवजे और कार्रवाई की मांग पर अड़े ग्रामीण

हादसे से भड़के ग्रामीणों ने पुलिस को दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए ले जाने से रोक दिया। ग्रामीण इस बात पर अड़े हैं कि मृतक के परिवारों को तुरंत उचित मुआवजा दिया जाए और असुरक्षित तार बिछाने वाले दोषियों व लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।

फिलहाल पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और आक्रोशित ग्रामीणों को समझा-बुझाकर स्थिति को शांत कराने और मामले की निष्पक्ष जांच का आश्वासन देने में जुटे हुए हैं।

Location :  Patna

Published :  1 October 2026, 11:46 AM IST

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