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उत्तर प्रदेश के मेरठ में एक व्यक्ति फर्जी आईएएस बनकर वर्षों तक मोहल्ले में रौब जमाता रहा। घर के बाहर आईएएस की नेम प्लेट लगाकर वह लोगों को डराता था और अक्सर शराब पीकर हंगामा करता था। एक दिन पुलिस दरोगा से विवाद के बाद उसकी सच्चाई सामने आ गई।
मेरठ में पकड़ा गया फर्जी आईएएस
Meerut: उत्तर प्रदेश के मेरठ से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां एक व्यक्ति कई सालों तक खुद को आईएएस अधिकारी बताकर लोगों पर रौब जमाता रहा। घर के बाहर लगी ‘IAS’ की नेम प्लेट देखकर मोहल्ले के लोग उससे उलझने से बचते थे। लेकिन उसकी पोल खुल गई और पूरा सच सामने आ गया।
पकड़े गए व्यक्ति का नाम राहुल कौशिक बताया जा रहा है। आरोप है कि वह अक्सर शराब पीकर मोहल्ले में हंगामा करता था और लोगों के साथ गाली-गलौज करता था। हालांकि घर के बाहर लगी आईएएस की नेम प्लेट के कारण आसपास के लोग उससे बहस करने से कतराते थे।
मामले में मोड़ तब आया जब उसी मोहल्ले में एक पुलिस दरोगा किराए पर रहने आए। एक दिन राहुल कौशिक का दरोगा से विवाद हो गया। बहस के दौरान उसकी हरकतों और बातों से दरोगा को शक होने लगा कि वह असली आईएएस अधिकारी नहीं है।
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दरोगा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए उसे पूछताछ के लिए थाने बुलाया। पुलिस पूछताछ के दौरान जब सख्ती दिखाई गई तो राहुल कौशिक ज्यादा देर तक सच छिपा नहीं पाया और उसने पूरा राज खोल दिया।
पूछताछ में राहुल कौशिक ने कबूल किया कि वह कोई आईएएस अधिकारी नहीं है। उसने बताया कि वह पहले दिल्ली में एक रिटायर्ड आईएएस अधिकारी के घर काम करता था और वहां कुत्ते को नहलाने जैसे घरेलू काम करता था।
उसने यह भी स्वीकार किया कि उसने अपने घर के बाहर ‘IAS’ की नेम प्लेट सिर्फ इसलिए लगाई थी ताकि मोहल्ले में लोग उससे डरें और वह आसानी से रौब जमा सके।
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इस खुलासे के बाद मेरठ पुलिस अब पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि वह लंबे समय से मोहल्ले में इसी तरह का व्यवहार कर रहा था, लेकिन नेम प्लेट देखकर किसी ने भी उसकी सच्चाई जानने की कोशिश नहीं की। फिलहाल पुलिस राहुल कौशिक से पूछताछ कर रही है और उसके पिछले रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है।