अगर बस में होता, तो बीजेपी खुद को भी बेच देती! JPNIC लीज फैसले पर अखिलेश यादव का तीखा हमला

लखनऊ स्थित सपा कार्यालय में रक्षाबंधन कार्यक्रम के बाद अखिलेश यादव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बीजेपी सरकार पर हमला बोला। उन्होंने जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर को निजी कंपनी को लीज पर देने के कैबिनेट फैसले की सख्त आलोचना की और सत्ता में आने पर बंद हजारों प्राइमरी स्कूल दोबारा खोलने का वादा किया।

Post Published By: Priyam Kashyap
Updated : 27 August 2026, 3:10 PM IST
google-preferred

Lucknow: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने लखनऊ में पार्टी ऑफिस में आयोजित रक्षाबंधन कार्यक्रम में हिस्सा लिया। लोहिया ऑडिटोरियम में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाओं ने अखिलेश यादव को राखी बांधी और रक्षाबंधन की बधाई दी।

कार्यक्रम के दौरान अखिलेश यादव ने महिलाओं का अभिवादन किया और उन्हें इस मौके पर लिफाफे में उपहार भेंट किए। कार्यक्रम के बाद उन्होंने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की और कई मुद्दों पर राज्य सरकार की आलोचना की।

JPNIC को लीज पर देने के फैसले पर सरकार पर निशाना

प्रेस कॉन्फ्रेंस में अखिलेश यादव ने गोमती नगर स्थित जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर (JPNIC) को एक निजी कंपनी को लीज पर देने के फैसले को लेकर बीजेपी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जनता के पैसे से बनी संपत्तियों को निजी कंपनियों को सौंपना चाहती है। अखिलेश यादव ने कहा कि पार्टी समाजवादी विचारधारा के रास्ते पर आगे बढ़ती रहेगी और जनता से जुड़े मुद्दों को उठाती रहेगी।

अगर बीजेपी चाहती तो JPNIC का निर्माण पूरा हो गया होता

अखिलेश यादव ने कहा कि बीजेपी ने अपनी शुरुआत के समय जयप्रकाश नारायण की तस्वीर लगाई थी। उन्होंने सवाल किया कि JPNIC का निर्माण पूरा क्यों नहीं हो सका और कहा कि अगर बीजेपी सरकार चाहती तो यह संभव हो सकता था। उन्होंने दावा किया कि इमारत का निर्माण जनता के पैसे से किया गया था और ठेकेदार को भुगतान भी कर दिया गया था; फिर भी प्रोजेक्ट अधूरा छोड़ दिया गया।

ये भी पढ़ें - Akhilesh Yadav: धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर सपा प्रमुख अखिलेश यादव का बयान आया सामने, जानिए क्या कहा

सरकार की आलोचना करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि जनता के पैसे से बनाई गई संपत्तियों को बेचने और उन्हें अपने सहयोगियों को सौंपने की कोशिशें की जा रही हैं।

अखिलेश यादव ने JPNIC मुद्दे पर बीजेपी सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि सरकार की नीतियों को देखते हुए ऐसा लगता है कि अगर उनके बस में होता, तो बीजेपी सब कुछ बेच देती। राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि यूपी प्रशासन जनहित के खिलाफ काम कर रहा है।

लीज की मंजूरी के बाद राजनीतिक विवाद

गौरतलब है कि राज्य कैबिनेट ने मंगलवार को गोमती नगर स्थित JPNIC सुविधा को संचालन के लिए एक निजी कंपनी को लीज पर देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी। इसके बाद, अखिलेश यादव और SP नेता शिवपाल यादव ने सोशल मीडिया के जरिए सरकार के फैसले का विरोध किया। यह आशंका थी कि SP नेता और कार्यकर्ता विरोध प्रदर्शन के लिए JPNIC पहुंच सकते हैं, इसलिए प्रशासन ने सेंटर के आस-पास सुरक्षा इंतजाम कड़े कर दिए।

JPNIC का निर्माण 2013 में हुआ शुरू

जय प्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर (JPNIC) का निर्माण 2013 में तत्कालीन SP सरकार के समय शुरू हुआ था। हालांकि 2017 में BJP सरकार के सत्ता में आने के बाद निर्माण कार्य पूरा होने से पहले ही रोक दिया गया। रिपोर्ट्स के अनुसार, लगभग 50 करोड़ रुपये का काम जिसमें फिनिशिंग का काम भी शामिल था अधूरा रह गया। फ़ंड की कमी के कारण लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) इस प्रोजेक्ट को पूरा नहीं कर सका।

ये भी पढ़ें - Akhilesh Yadav पर बयानबाजी से भड़के सपाई, देवरिया में राजभर के दौरे के दौरान जोरदार प्रदर्शन

लगभग नौ साल से बंद पड़े JPNIC की हालत धीरे-धीरे खराब होती गई। फिर भी, लगभग तीन साल पहले, अखिलेश यादव ने जय प्रकाश नारायण की जयंती पर साइट का दौरा किया और उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण किया।

26,000 बंद प्राइमरी स्कूलों को फिर से खोलने का वादा

एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अखिलेश यादव ने शिक्षा व्यवस्था को लेकर भी सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा कि अगर उनकी पार्टी सत्ता में आती है, तो बंद किए गए लगभग 26,000 प्राइमरी स्कूलों को फिर से खोला जाएगा। उन्होंने आगे कहा कि समाजवादी पार्टी जनहित के मुद्दों के साथ-साथ शिक्षा और रोजगार से जुड़े मामलों पर अपना संघर्ष जारी रखेगी।

Location :  Lucknow

Published :  27 August 2026, 3:10 PM IST

Advertisement