हिंदी
देवरिया के रुद्रपुर तहसील स्थित छोटी काशी (Source: Pinterest )
Deoria: देवरिया के रुद्रपुर तहसील स्थित छोटी काशी के नाम से प्रसिद्ध बाबा दुग्धेश्वरनाथ मंदिर में सावन के प्रथम सोमवार को आस्था का अद्भुत नजारा देखने को मिला। सुबह होते ही मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ जुटने लगी। मंगलवार को भी सुबह से ही मंदिर में श्रद्धालु जुटने लगे। पूर्वांचल के अलग-अलग जिलों से पहुंचे हजारों भक्तों ने लंबी कतारों में लगकर बाबा भोलेनाथ के दर्शन किए और विधि-विधान से जलाभिषेक किया।
बाबा दुग्धेश्वरनाथ के दरबार में भक्तों ने दूध, गंगाजल, बेलपत्र, धतूरा और पुष्प अर्पित किए। महिलाओं, पुरुषों, बुजुर्गों और बच्चों में भगवान शिव के दर्शन को लेकर खास उत्साह देखने को मिला। जैसे-जैसे दिन चढ़ता गया, मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ती गई। चारों तरफ हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयघोष सुनाई देते रहे।
डाइनामाइट न्यूज़ से बातचीत में मंदिर के पीठाधीश्वर महंत विजय शंकर भारती ने बाबा दुग्धेश्वरनाथ धाम की धार्मिक और पौराणिक मान्यता के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह प्राचीन शिवधाम सनातन आस्था का महत्वपूर्ण केंद्र है और इसे छोटी काशी के नाम से जाना जाता है। मान्यता है कि यहां बाबा भोलेनाथ के दर्शन और पूजन करने से भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।
महंत विजय शंकर भारती ने मंदिर से जुड़ी पौराणिक कथा का भी संक्षिप्त उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि बाबा दुग्धेश्वरनाथ धाम की प्राचीन मान्यताएं इस स्थान को विशेष धार्मिक महत्व प्रदान करती हैं। सावन और महाशिवरात्रि के दौरान यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं।
भक्तों की भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद रहा। मंदिर परिसर और आसपास सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए। श्रद्धालुओं की आवाजाही को व्यवस्थित रखने के लिए बैरिकेडिंग की गई। इसके अलावा पेयजल, चिकित्सकीय सहायता और अन्य जरूरी सुविधाओं की व्यवस्था भी की गई, ताकि दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो।
सावन के प्रथम सोमवार पर छोटी काशी में उमड़ा आस्था का सैलाब, ‘हर-हर महादेव’ से गूंजा बाबा का दरबार
सावन के प्रथम सोमवार पर छोटी काशी का बाबा दुग्धेश्वरनाथ धाम श्रद्धा और भक्ति के रंग में डूबा नजर आया। हजारों श्रद्धालुओं ने बाबा का जलाभिषेक कर परिवार की सुख-समृद्धि, शांति और मनोकामना पूर्ति की प्रार्थना की। मंदिर परिसर में उमड़ा आस्था का यह सैलाब सावन की धार्मिक परंपरा और शिवभक्ति की गहरी आस्था को दर्शाता रहा।
Location : Deoria
Published : 4 August 2026, 7:52 AM IST