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इजरायल-ईरान युद्ध के बीच राजस्थान के पुष्कर में मौजूद इजरायली पर्यटकों ने हमले को आत्मरक्षा बताया। उन्होंने इजरायल को मजबूत देश बताते हुए शांति की कामना की। पर्यटकों ने अपने परिवारों की सुरक्षा की जानकारी भी साझा की।
युद्ध पर इजरायली पर्यटकों का बयान
Pushkar: इजरायल-ईरान युद्ध की आंच अब राजस्थान के धार्मिक शहर पुष्कर तक महसूस की जा रही है। यहां घूमने आए इजरायली पर्यटकों ने मौजूदा हालात पर खुलकर प्रतिक्रिया दी। पर्यटकों का कहना है कि इजरायल अपनी सुरक्षा और नागरिकों की रक्षा के लिए कदम उठा रहा है और यह कार्रवाई आत्मरक्षा के तहत की जा रही है।
इजरायली पर्यटक शाका ने कहा कि उनका देश छोटा जरूर है, लेकिन उसकी सैन्य और रणनीतिक क्षमता बेहद मजबूत है। उनके मुताबिक, “आक्रमणकारी देश का मकसद इजरायलियों को नुकसान पहुंचाना रहा है। ऐसे में इजरायल अपनी सुरक्षा के लिए जवाबी कार्रवाई कर रहा है, जो सही कदम है।”
शाका ने बताया कि युद्ध शुरू होने के बाद उन्होंने अपने परिजनों से बात की। उनके परिवार के सदस्य सुरक्षित स्थानों यानी सेफ हाउस में चले गए हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि इस संघर्ष में इजरायल को निश्चित तौर पर सफलता मिलेगी।
एक अन्य पर्यटक रेऊत ने कहा कि इजरायल हमेशा अपने नागरिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता देता है। उन्होंने कहा, “मैं शांति चाहती हूं और उम्मीद करती हूं कि सभी लोग सुरक्षित रहें।” रेऊत का मानना है कि युद्ध किसी समस्या का स्थायी समाधान नहीं है, लेकिन जब देश की सुरक्षा पर खतरा हो तो कदम उठाना जरूरी हो जाता है।
पुष्कर में स्थित एक धार्मिक स्थल से जुड़ी सिम्मी ने कहा कि इजरायल एक पवित्र भूमि है। उन्होंने कहा, “इजरायल छोटा देश है, लगभग एक करोड़ की आबादी है, लेकिन बहुत मजबूत है। भारत और अमेरिका जैसे देश उसके साथ हैं। हमें विश्वास है कि भगवान हमारी मदद करेगा।” सिम्मी का कहना है कि कठिन समय में आस्था और एकजुटता ही सबसे बड़ी ताकत होती है।
युद्ध की तस्वीरें (Img- Internet)
पुष्कर में मौजूद कई इजरायली पर्यटकों ने बताया कि वे लगातार अपने परिवारों के संपर्क में हैं। इजरायल में सायरन और सुरक्षा अलर्ट के बीच उनके परिजन सुरक्षित स्थानों पर शरण ले रहे हैं।
हालांकि स्थिति तनावपूर्ण है, लेकिन पर्यटकों के चेहरे पर घबराहट कम और विश्वास ज्यादा नजर आया। उनका कहना है कि इजरायल ने पहले भी कठिन परिस्थितियों का सामना किया है और इस बार भी मजबूती से उभरेगा।
पर्यटकों ने भारत में अपने अनुभव को सकारात्मक बताया। उनका कहना है कि यहां उन्हें सुरक्षित और स्वागत योग्य माहौल मिला है। इजरायल-ईरान युद्ध भले ही पश्चिम एशिया में चल रहा हो, लेकिन उसकी गूंज दुनिया भर में सुनाई दे रही है। पुष्कर में मौजूद इजरायली पर्यटकों की प्रतिक्रियाएं इस बात का संकेत हैं कि संकट की घड़ी में भी वे अपने देश के साथ मजबूती से खड़े हैं, साथ ही शांति की उम्मीद भी बनाए हुए हैं।