राजपाल यादव की बढ़ी मुश्किलें: 5 करोड़ का लोन बढ़कर पहुंचा 16 करोड़ के पार, बैंक ने संपत्तियों पर चस्पा किया नोटिस

एक्टर राजपाल यादव की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। चेक बाउंस मामले में तिहाड़ जेल में सजा काट रहे अभिनेता का 16 करोड़ से अधिक का लोन बकाया होने पर सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया ने उनके शाहजहांपुर स्थित पैतृक घर समेत कई संपत्तियों को नीलाम करने का नोटिस चस्पा कर दिया है।

Updated : 6 August 2026, 12:37 PM IST
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New Delhi: प्रसिद्ध अभिनेता राजपाल यादव की कानूनी मुश्किलें थमने का नाम नहीं ले रही हैं। चेक बाउंस मामले में पहले से ही जेल में बंद राजपाल यादव पर अब एक और बड़ी गाज गिरी है। लोन की रिकवरी न होने के कारण सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया उनकी करोड़ों की संपत्ति को नीलाम करने जा रहा है। इस संबंध में बैंक ने उनके शाहजहांपुर स्थित पैतृक घर और कचहरी रोड पर स्थित अन्य प्लॉट के बाहर नीलामी का आधिकारिक नोटिस चस्पा कर दिया है।

मध्य प्रदेश की संपत्ति और भारी-भरकम लोन का गणित

बैंक द्वारा की जा रही इस कार्रवाई के दायरे में राजपाल यादव की कई संपत्तियां शामिल हैं। मध्य प्रदेश के बंडा में स्थित उनकी 3.10 करोड़ रुपये की संपत्ति को भी नीलामी प्रक्रिया में रखा गया है। एक्टर की पत्नी राधा यादव और मां गोदावरी देवी के नाम पर कुल 16 करोड़ 61 लाख रुपये का लोन बकाया चल रहा है। इस कर्ज की अदायगी न होने की वजह से बैंक पिछले कई सालों से लगातार रिकवरी की कोशिशें कर रहा है।

साल 2024 में शुरू हुई थी संपत्तियों की सीलिंग

यह पूरा मामला तब तूल पकड़ा जब लोन न चुकाए जाने के कारण साल 2024 में सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया ने सख्त कदम उठाए। राजपाल यादव ने अपने पिता नौरंग यादव की शाहजहांपुर स्थित प्रॉपर्टी को गिरवी रखकर 5 करोड़ रुपये का कर्ज लिया था। समय पर भुगतान न होने के चलते यह रकम बढ़कर 11 करोड़ रुपये तक पहुंच गई। इसके बाद 8 अगस्त 2024 को बैंक की बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स ब्रांच की टीम ने शाह पहुंचकर इस संपत्ति को सील कर दिया था।

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खरीद-फरोख्त पर रोक और डिफॉल्ट खाता घोषित

बैंक ने सील की गई संपत्ति पर एक चेतावनी बैनर भी लगाया था, जिसमें स्पष्ट किया गया था कि अब यह संपत्ति बैंक के अधिकार क्षेत्र में है और इसकी खरीद-फरोख्त से जुड़ा कोई भी लेन-देन पूरी तरह प्रतिबंधित है। तय सीमा के भीतर 16 करोड़ 61 लाख रुपये का भारी-भरकम लोन न चुकाए जाने के कारण बैंक ने इस खाते को डिफॉल्ट की श्रेणी में डाल दिया और कानूनी प्रक्रिया के तहत कुर्की व वसूली के नोटिस जारी कर दिए।

9 सितंबर को होगी नीलामी की बड़ी प्रक्रिया

साल 2024 में नोटिस मिलने के बाद अभिनेता ने बैंक से बातचीत कर लोन चुकाने का भरोसा दिया था, लेकिन वादे के मुताबिक भुगतान नहीं हो पाया। अब मुंबई ऋण वसूली न्यायाधिकरण (Mumbai Debt Recovery Tribunal) के सख्त आदेशों के बाद नीलामी की प्रक्रिया दोबारा शुरू की गई है, जिसके लिए आगामी 9 सितंबर की तारीख निर्धारित की गई है। इस नीलामी में मुंबई के फ्लैट्स के साथ-साथ पैतृक गांव कुंडरा की जमीन और वहां बने मकान को भी शामिल किया गया है।

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16 साल पुराने चेक बाउंस मामले में तिहाड़ जेल में सजा

वर्तमान में राजपाल यादव साल 2010 में आई उनकी फिल्म 'अता पता लापता' से जुड़े चेक बाउंस मामले में तिहाड़ जेल में बंद हैं। इस मामले में सुनवाई करते हुए दिल्ली हाई कोर्ट ने 10 जुलाई को उनके व्यवहार को संदिग्ध करार दिया था और उन्हें 3 महीने की जेल की सजा के साथ जुर्माना भी लगाया। उन्होंने फिल्म निर्माण के लिए 2010 में 5 करोड़ रुपये का कर्ज लिया था, जिसे वे चुका नहीं पाए और उन पर कुल 7 मामलों में करीब 9 करोड़ रुपये का बकाया हो गया।

पहले भी काट चुके हैं जेल की सजा

इससे पहले साल 2024 की शुरुआत में सेशंस कोर्ट ने उन्हें 6 महीने की सजा सुनाई थी, जिसके खिलाफ वे हाई कोर्ट गए थे और अस्थायी राहत मिल गई थी। हालांकि, इसी मामले में उन्हें इस साल 5 फरवरी 2026 को तिहाड़ जेल में सरेंडर करना पड़ा था और वे 12 दिनों तक जेल में रहे थे। अब एक बार फिर वे इस पुराने मामले में जेल की सजा काट रहे हैं और उनकी संपत्तियों की नीलामी की तैयारी जोरों पर है।

 

 

 

Location :  New Delhi

Published :  6 August 2026, 12:37 PM IST

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