बिहार में गरमाई सियासत: महिला आरक्षण पर ‘धिक्कार मार्च’ का ऐलान

महिला आरक्षण को लेकर बिहार की राजनीति में उबाल है। उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी राष्ट्रीय लोक मोर्चा ने 22 अप्रैल को राज्यभर में ‘धिक्कार मार्च’ निकालने का ऐलान किया है। कुशवाहा ने ओबीसी महिलाओं को आरक्षण में शामिल करने की मांग उठाते हुए कांग्रेस और आरजेडी पर बड़ा हमला बोला।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 21 April 2026, 2:19 PM IST
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Patna: महिला आरक्षण के मुद्दे पर बिहार की राजनीति अब सिर्फ बयानबाजी तक सीमित नहीं रही, बल्कि सड़कों तक पहुंच गई है। राजधानी पटना में हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद एनडीए में शामिल उपेंद्र कुशवाहा ने बड़ा ऐलान कर दिया। उन्होंने साफ कर दिया कि उनकी पार्टी अब आंदोलन के रास्ते पर है और 22 अप्रैल को पूरे बिहार में ‘धिक्कार मार्च’ निकाला जाएगा। इस बयान के बाद सियासी पारा और चढ़ गया है।

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जातीय जनगणना के बाद बड़े फैसले की उम्मीद

कुशवाहा ने कहा कि देश में इस समय जातीय जनगणना चल रही है और इसके पूरा होने के बाद ओबीसी वर्ग के पुरुषों और महिलाओं के लिए अलग से आरक्षण की व्यवस्था पर काम किया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि सरकार इस दिशा में सकारात्मक कदम उठाएगी। यह बयान साफ संकेत देता है कि आने वाले समय में आरक्षण और सामाजिक संतुलन का मुद्दा चुनावी राजनीति का बड़ा केंद्र बनने वाला है।

परिसीमन को लेकर फिर उठी मांग

प्रेस कॉन्फ्रेंस में उपेंद्र कुशवाहा ने परिसीमन के मुद्दे को भी जोर-शोर से उठाया। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी लंबे समय से यह मांग करती रही है कि सीटों का निर्धारण जनगणना के आधार पर होना चाहिए। कुशवाहा के मुताबिक, अगर सही तरीके से परिसीमन लागू होता, तो बिहार में लोकसभा सीटों की संख्या 40 से बढ़कर 60 हो सकती थी। वहीं विधानसभा सीटें 243 से बढ़कर 365 तक पहुंच सकती थीं। उनका कहना है कि जनसंख्या के अनुपात में प्रतिनिधित्व मिलना लोकतंत्र की बुनियादी शर्त है।

कांग्रेस और आरजेडी पर बड़ा आरोप

कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल पर निशाना साधते हुए कुशवाहा ने कहा कि इन दलों ने बिहार के साथ बड़ा अन्याय किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि जब सुधार का मौका था, तब इन पार्टियों ने राज्य के हित में काम नहीं किया। इसके साथ ही उन्होंने प्रधानमंत्री और गृह मंत्री का आभार जताते हुए कहा कि वर्तमान सरकार ने महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण पहल की है।

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‘धिक्कार मार्च’ का ऐलान

सबसे बड़ा ऐलान करते हुए उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि 22 अप्रैल 2026 को उनकी पार्टी की ओर से बिहार के हर जिला मुख्यालय पर ‘धिक्कार मार्च’ निकाला जाएगा। उन्होंने इसे विपक्ष के खिलाफ जनता की आवाज बताया। यह आंदोलन आने वाले दिनों में बिहार की राजनीति को और गरमा सकता है, खासकर तब जब चुनावी माहौल धीरे-धीरे बन रहा है।

Location :  Patna

Published :  21 April 2026, 2:19 PM IST

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