यूपी में न्याय व्यवस्था पर संकट गहराया, थानों में सुनवाई नहीं, जनता दर-दर भटकने को मजबूर-अखिलेश यादव

आज लखनऊ में अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोला है, सपा प्रमुख ने कहा कि यूपी में आम जनता को थानों से लेकर प्रशासन तक कहीं भी न्याय नहीं मिल रहा, जिससे कानून व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं और लोगों का भरोसा लगातार कमजोर हो रहा है।

Updated : 3 May 2026, 2:41 PM IST
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Lucknow:  सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने आज, रविवार को लखनऊ स्थित समाजवादी पार्टी कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था और न्याय प्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार में आम जनता को कहीं भी न्याय नहीं मिल रहा है- न थाने में, न प्रशासनिक स्तर पर। उन्होंने इसे प्रदेश के लिए बेहद चिंताजनक स्थिति बताया और कहा कि जब जनता का भरोसा व्यवस्था से उठ जाता है तो लोकतंत्र कमजोर होता है।

छात्रों को सम्मान और डिजिटल डिवाइड पर जोर

प्रेस वार्ता के दौरान अखिलेश यादव ने उन विद्यार्थियों को लैपटॉप देकर सम्मानित किया, जिन्होंने प्रदेश का मान बढ़ाया है। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी हमेशा छात्रों के साथ खड़ी रही है और डिजिटल डिवाइड को खत्म करने के लिए ही लैपटॉप योजना जैसी पहल की गई थी। उन्होंने बताया कि आज भी कई युवा उनसे मिलते हैं और कहते हैं कि इस योजना की वजह से वे पढ़ पाए और आज अच्छी नौकरियों में हैं। उन्होंने कहा- जब तक लक्ष्य हासिल न हो, तब तक रुकना नहीं चाहिए।

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भाजपा पर झूठ और महंगाई को लेकर बोला हमला

भारतीय जनता पार्टी पर निशाना साधते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा 'झूठ की सोनपापड़ी' बनाती है, जिसमें एक झूठ के ऊपर दूसरा झूठ चढ़ाया जाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने कभी महंगाई और भ्रष्टाचार पर लगाम नहीं लगाई। इसके उलट, अपने करीबी लोगों को मुनाफा कमाने की खुली छूट दी गई, जिसकी वजह से आम जनता पर महंगाई का बोझ लगातार बढ़ता जा रहा है।

बेटियों की शिक्षा और पुरानी योजनाओं का जिक्र

अखिलेश यादव ने पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव की 'कन्या विद्याधन योजना' का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत गरीब बेटियों को 30 हजार रुपये देकर उनकी शिक्षा को बढ़ावा दिया जाता था। उनका कहना था कि समाजवादी पार्टी हमेशा से शिक्षा और सामाजिक न्याय को प्राथमिकता देती आई है।

चुनाव, ईवीएम और साजिश के आरोप

चुनावी प्रक्रिया पर भी सवाल उठाते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि जब स्मार्ट मीटर में बेईमानी हो सकती है, तो ईवीएम में क्यों नहीं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा इस बार उत्तर प्रदेश में चुनाव को प्रभावित करने के लिए डीजे और शोर-शराबे का सहारा लेगी, जिससे लोगों के बीच तनाव और नफरत पैदा हो। उनका कहना था कि यह सब जानबूझकर माहौल खराब करने की रणनीति का हिस्सा है।

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प्रशासन और शिक्षा व्यवस्था पर भी उठाए सवाल

उन्होंने यह भी कहा कि गोरखपुर में ही हजारों शिक्षकों के पद कम कर दिए गए हैं, जो शिक्षा व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा है। इसके साथ ही उन्होंने पुलिस और प्रशासन पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि आम आदमी को कहीं भी न्याय नहीं मिल रहा है। थानों से लेकर अन्य संस्थानों तक लोगों को भटकना पड़ता है, लेकिन सुनवाई नहीं होती।

राजनीतिक संदेश और भविष्य की रणनीति

अखिलेश यादव ने पश्चिम बंगाल की राजनीति का जिक्र करते हुए कहा कि वहां 'दीदी' यानी ममता बनर्जी ही जीतेंगी और सत्ता में बनी रहेंगी। उन्होंने भाजपा नेताओं पर पलटवार करते हुए कहा कि जो लोग उन्हें माफिया कहते हैं, क्या वे कभी आईने में खुद को देखते हैं या नहीं।

उन्होंने एक बार फिर दोहराते हुए कहा कि प्रदेश में न्याय की स्थिति बेहद खराब है और यही सबसे बड़ा मुद्दा है, जिस पर जनता को सोचने की जरूरत है।

Location :  Lucknow

Published :  3 May 2026, 2:40 PM IST

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