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जनपद कानपुर देहात के सिकंदरा रसूलाबाद मार्ग पर इन दिनों मौत बनकर दौड़ रहे डंफर की चपेट में हॉकर आ गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। स्थानीय व परिवार के लोग तत्काल घायल को लेकर सीएचसी पहुंचे जहां डॉक्टर ने प्राथमिक इलाज करते हुए जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया।
घायल प्रेमशंकर से पूछताछ करती पुलिस
Kanpur Dehat: जनपद कानपुर देहात के सिकंदरा रसूलाबाद मार्ग पर इन दिनों मौत बनकर दौड़ रहे डंफर की चपेट में हॉकर आ गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। स्थानीय व परिवार के लोग तत्काल घायल को लेकर सीएचसी पहुंचे जहां डॉक्टर ने प्राथमिक इलाज करते हुए जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया।
क्या है पूरी खबर?
रविवार सुबह थाना मंगलपुर क्षेत्र के कस्बा झींझक के नहरपुल पर उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब अखबार गाड़ी का इंतजार कर रहे एक हॉकर को तेज रफ्तार डंफर ने जोरदार टक्कर मार दी। हादसा इतना भयावह था कि टक्कर लगते ही हॉकर उछलकर कई फीट दूर जा गिरा और गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल की पहचान झींझक बस्ती निवासी 45 वर्षीय प्रेमशंकर के रूप में हुई है, जो बीते कई वर्षों से अखबार वितरण का कार्य कर अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे हैं।
गंभीर रूप से घायल
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, रोजाना की तरह सुबह करीब सात बजे प्रेमशंकर झींझक नहरपुल पर प्रेस की गाड़ी आने का इंतजार कर रहे थे। इसी दौरान रसूलाबाद की ओर से तेज रफ्तार में आ रहे डंफर ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। अचानक हुए इस हादसे से मौके पर मौजूद लोग सहम गए। गंभीर रूप से घायल प्रेमशंकर सड़क पर पड़े तड़पते रहे।
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चालक मौके से फरार
हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए डंफर को रुकवा लिया और तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही मंगलपुर थाना प्रभारी महेश कुमार व झींझक चौकी इंचार्ज सुधीर भारद्वाज पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने डंफर को कब्जे में ले लिया, हालांकि चालक मौके से फरार हो गया।
उधर, घायल प्रेमशंकर को परिजनों व पड़ोसियों की मदद से तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र झींझक ले जाया गया। यहां तैनात चिकित्सक डॉ. जे.पी. सिंह ने प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर बताते हुए उन्हें रेफर कर दिया। डॉक्टर के अनुसार प्रेमशंकर के सिर में अंदरूनी चोट की आशंका है, जिसको देखते हुए सीटी स्कैन कराने की सलाह दी गई है। इसके बाद परिजन उन्हें हैलट अस्पताल कानपुर ले गए, जहां उनका इलाज जारी है।
यह हादसा एक बार फिर झींझक कस्बे से गुजरने वाले भारी वाहनों की तेज रफ्तार और अनियंत्रित आवागमन पर सवाल खड़े करता है। रसूलाबाद–सिकंदरा मार्ग से प्रतिदिन सैकड़ों ट्रक और डंफर झींझक कस्बे से होकर गुजरते हैं, जिससे आमजन और खासकर स्कूली बच्चों की सुरक्षा पर खतरा बना रहता है। गौरतलब है कि बीते 22 दिसंबर 2025 को नगर पालिका झींझक के पार्षदों ने भारी वाहनों की दिन में नो-एंट्री को लेकर जिलाधिकारी कानपुर देहात को ज्ञापन सौंपा था। सभासद कृष्ण कुमार पोरवाल के अनुसार अब तक इस पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।