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गृहकर-जलकर वृद्धि के खिलाफ प्रदर्शन
Bareilly: उत्तर प्रदेश के बरेलीनगर पालिका परिषद बहेड़ी में गृहकर और जलकर की बढ़ी हुई दरों को लेकर जनता का असंतोष अब खुलकर सामने आने लगा है। टैक्स वृद्धि के विरोध में पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष के पति एवं समाजसेवी नसीम अहमद ने उपजिलाधिकारी को शिकायती पत्र सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उनका आरोप है कि टैक्स वृद्धि से आम, गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है।
नसीम अहमद का कहना है कि नगर पालिका द्वारा गृहकर और जलकर की दरों में की गई बढ़ोतरी अव्यावहारिक और जनता विरोधी है। उन्होंने दावा किया कि बहेड़ी जैसे कस्बे में लगाए गए टैक्स प्रदेश के कई बड़े शहरों की तुलना में अधिक हैं, जबकि यहां के लोगों की आय सीमित है। ऐसे में बढ़ा हुआ टैक्स लोगों की आर्थिक स्थिति पर सीधा असर डाल रहा है।
शिकायती पत्र में नसीम अहमद ने पालिका कर्मचारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि पुराने स्टांप पर खरीदी गई संपत्तियों को अभिलेखों में दर्ज करने के नाम पर लोगों से 25 हजार से 40 हजार रुपये तक की कथित अवैध वसूली की जा रही है। इसके अलावा कर निर्धारण प्रक्रिया में भी मनमानी किए जाने का आरोप लगाया गया है।
नसीम अहमद ने शिकायत में एक ऐसे मामले का भी उल्लेख किया है जिसमें एक व्यक्ति को 2.59 लाख रुपये वार्षिक गृहकर का नोटिस जारी किया गया। उनका कहना है कि इतनी बड़ी कर राशि किसी सामान्य परिवार के लिए वहन करना संभव नहीं है और ऐसे नोटिस लोगों में भय का माहौल पैदा कर रहे हैं।
उन्होंने अपने आरोपों के समर्थन में नगर पालिका द्वारा जारी कई नोटिसों की प्रतियां भी प्रशासन को सौंपी हैं। साथ ही मांग की है कि गृहकर और जलकर की नई दरों की समीक्षा कर आम जनता को राहत दी जाए। यदि जांच में अनियमितता और अवैध वसूली के आरोप सही पाए जाते हैं तो जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
गृहकर और जलकर वृद्धि का मुद्दा अब नगर में चर्चा का विषय बन गया है। बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी कर दरों की समीक्षा और राहत की मांग कर रहे हैं। नसीम अहमद का कहना है कि उनका उद्देश्य किसी व्यक्ति या संस्था का विरोध नहीं, बल्कि आम नागरिकों के हितों की रक्षा करना है।
Location : Bareilly
Published : 19 June 2026, 5:33 PM IST