आजम खां की मुश्किलें फिर बढ़ीं! अब शत्रु संपत्ति मामले में भी लटकी जांच की तलवार

आजम खां की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। जौहर ट्रस्ट और जौहर विश्वविद्यालय से जुड़े मामलों के बीच अब शत्रु संपत्ति पर कथित कब्जे का मामला भी ED की जांच में शामिल है।

Post Published By: Rohit Goyal
Updated : 3 November 2026, 9:54 AM IST
google-preferred

लखनऊ: वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री आजम खां की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। अब उनके खिलाफ शत्रु संपत्ति पर कथित कब्जे से जुड़े मामले भी जांच के दायरे में आ गए हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने अपनी जांच में इस मामले को शामिल किया है। अधिकारियों के मुताबिक, दिवाली के बाद आजम खां को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा सकती है। इस दौरान शत्रु संपत्ति से जुड़े मामलों के साथ भ्रष्टाचार और जौहर ट्रस्ट से संबंधित सवाल भी पूछे जाएंगे।

शत्रु संपत्ति मामले में ED की जांच तेज

आजम खां के खिलाफ शत्रु संपत्ति पर कब्जे को लेकर दर्ज मामले उनकी कानूनी मुश्किलें बढ़ा सकते हैं। ईडी ने अपनी जांच में इन मामलों को भी शामिल किया है। अधिकारियों के मुताबिक, आजम खां से पूछताछ के लिए सवालों की विस्तृत सूची तैयार की जा रही है।

जांच के दौरान शत्रु संपत्ति से जुड़े आरोपों और कथित अनियमितताओं को लेकर जानकारी जुटाई जाएगी। इसके अलावा भ्रष्टाचार से संबंधित मामलों पर भी पूछताछ की तैयारी है। अधिकारियों के अनुसार, पूछताछ पूरी होने के बाद जांच के आधार पर अदालत में आरोप पत्र दाखिल करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सकती है।

जमानत के बाद रिहाई से पहले ED ने किया गिरफ्तार

दरअसल, आजम खां को दो पैनकार्ड मामले में हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद रिहाई मिली थी, लेकिन जेल से बाहर आते ही ईडी ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई के बाद उनकी मुश्किलें एक बार फिर बढ़ गईं।

ईडी की जांच का दायरा जौहर ट्रस्ट और जौहर विश्वविद्यालय से जुड़ी कथित अनियमितताओं तक फैला हुआ है। जांच एजेंसी के पास इनसे संबंधित कई मामले हैं, जिनके आधार पर आजम खां से विस्तार से पूछताछ की जानी है।

सुप्रीम कोर्ट से भी नहीं मिली तत्काल राहत

आजम खां को सोमवार को सुप्रीम कोर्ट से भी तत्काल राहत नहीं मिल सकी। ऐसे में उनकी रिहाई को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। ईडी के अधिकारी अब उनसे पूछे जाने वाले सवालों की सूची तैयार कर रहे हैं।

इस मामले की निगरानी ईडी मुख्यालय के स्पेशल डायरेक्टर स्तर से की जा रही है। इससे जांच एजेंसी की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है। सूत्रों के मुताबिक, ईडी इस मामले में आजम खां के कुछ करीबियों को सरकारी गवाह बनाने की संभावनाओं पर भी काम कर रही है, ताकि जांच में सामने आए तथ्यों और आरोपों को मजबूत किया जा सके।

फिलहाल, शत्रु संपत्ति, जौहर ट्रस्ट और भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों में ईडी की जांच आजम खां के लिए नई कानूनी चुनौती बनती नजर आ रही है।

Location :  Lucknow

Published :  3 November 2026, 9:54 AM IST

Advertisement