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लोकसभा में CAPF बिल को लेकर समाजवादी पार्टी सांसद धर्मेंद्र यादव ने सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि सरकार ने जवानों की चिंताओं को नजरअंदाज किया है और दिल्ली हाईकोर्ट के OPS फैसले को भी लागू नहीं किया। साथ ही शहीद जवानों को ‘शहीद’ का दर्जा देने की मांग उठाई।
लोकसभा में बोलते हुए सपा सांसद धर्मेंद्र यादव (Image Source: Internet)
New Delhi: लोकसभा में CAPF बिल को लेकर समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि अगर सरकार नक्सलवाद से देश को मुक्त कराने में योगदान देने वालों को लाभ देने वाला कोई बिल लाती, तो पूरा सदन गर्व के साथ उसे पारित करता, लेकिन CAPF बिल के मामले में सरकार ने किसी भी प्रतिनिधिमंडल से बात करना जरूरी नहीं समझा।
धर्मेंद्र यादव ने यह भी बताया कि कई अधिकारियों ने उनसे मिलकर अपनी चिंताएं साझा की हैं, जिससे साफ है कि इस बिल को लेकर असंतोष है। उन्होंने दिल्ली हाई कोर्ट के जनवरी 2023 के फैसले का जिक्र करते हुए कहा कि केंद्र सरकार के अधीन सभी अर्धसैनिक बलों को पुरानी पेंशन योजना (OPS) का लाभ दिया जाना चाहिए था, लेकिन सरकार ने इसे लागू करने के बजाय मामला सुप्रीम कोर्ट में पहुंचा दिया।
संसद में सपा सांसद Dharmendra Yadav ने नक्सलवाद के मुद्दे पर गृह मंत्री Amit Shah को तीखे सवालों के साथ घेरा। उन्होंने सरकार की रणनीति और जमीनी हालात पर सवाल उठाते हुए जवाब मांगा।#DharmendraYadav #AmitShah #Parliament #Naxalism #Politics @MPDharmendraYdv @samajwadiparty pic.twitter.com/Ip2j39RQs1
— डाइनामाइट न्यूज़ हिंदी (@DNHindi) April 2, 2026
उन्होंने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि अगर केवल गृह मंत्रालय की शक्तियां ही बढ़ती रहें और बाकी व्यवस्थाओं को नजरअंदाज किया जाए, तो इसका क्या फायदा। उनके अनुसार, सरकार का यह रवैया देश की सुरक्षा बलों का मनोबल गिराने वाला है और इसे रिकॉर्ड में दर्ज किया जाना चाहिए।
अंत में उन्होंने मांग की कि नक्सल ऑपरेशन या सीमा पर शहीद होने वाले हर जवान को शहीद का दर्जा दिया जाना चाहिए, ताकि उनके बलिदान का सम्मान हो सके।
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