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भारत और न्यूजीलैंड के बीच व्यापार समझौता पास (Img- AI)
New Delhi: भारत और न्यूजीलैंड के बीच आर्थिक और व्यापारिक संबंधों को एक नई ऊंचाई पर ले जाने वाले मुक्त व्यापार समझौते (FTA) को न्यूजीलैंड की संसद ने भारी बहुमत (93-29) से पारित कर दिया है। यह ऐतिहासिक समझौता 19 अक्टूबर 2026 से लागू होने की संभावना है।
इस डील के तहत दोनों देशों ने अगले पांच वर्षों में अपने द्विपक्षीय व्यापार को वर्तमान के 2.4 अरब डॉलर से बढ़ाकर 5 अरब डॉलर तक पहुंचाने का बड़ा लक्ष्य तय किया है।
इस समझौते की सबसे बड़ी खासियत यह है कि न्यूजीलैंड भारतीय मूल के 100% उत्पादों को पूरी तरह से शुल्क-मुक्त (Duty-Free) बाजार पहुंच देगा। इससे भारत के कपड़ा, चमड़ा, फुटवियर, इंजीनियरिंग सामान, रत्न-आभूषण और फार्मास्यूटिकल्स सेक्टर को भारी लाभ मिलेगा।
इसके अलावा, न्यूजीलैंड ने अगले 15 सालों में भारत में 20 अरब डॉलर (लगभग 1.6 लाख करोड़ रुपये से अधिक) के प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) की प्रतिबद्धता जताई है। भारतीय छात्रों और युवाओं के लिए वीजा नियम आसान होंगे और हर साल 5,000 वर्किंग वीजा का कोटा मिलेगा।
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समझौते के तहत भारत न्यूजीलैंड से आने वाले लगभग 95% उत्पादों पर आयात शुल्क पूरी तरह हटाएगा या कम करेगा। 57% से अधिक सामान पर पहले दिन से ही जीरो ड्यूटी लागू हो जाएगी।
ऊन और लकड़ी: न्यूजीलैंड की ऊन पर लगने वाला टैक्स पहले ही दिन से शून्य (0%) हो जाएगा, जिससे भारत में कालीन, गर्म कपड़े और फर्नीचर काफी सस्ते हो जाएंगे।
कीवीफ्रूट और प्रीमियम सेब: टैरिफ रेट कोटा प्रणाली के तहत न्यूजीलैंड के कीवी और सेब पर लगने वाले सीमा शुल्क में भारी कटौती की गई है, जिससे भारतीय बाजारों में ये फल सस्ते मिलेंगे।
भेड़ का मांस और सीफूड: भेड़/मेमने का मांस पहले दिन से टैक्स-फ्री होगा, जबकि सीफूड पर अगले 7 सालों में टैक्स पूरी तरह खत्म हो जाएगा।
मानुका शहद और वाइन: मानुका शहद पर टैक्स 66% से घटकर 16.5% रह जाएगा। वहीं प्रीमियम वाइन पर लगने वाला 150% आयात शुल्क अगले 10 सालों में धीरे-धीरे घटकर 25% से 50% पर आ जाएगा।
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भारत ने अपने स्थानीय डेयरी किसानों और घरेलू कृषि उद्योगों के हितों को ध्यान में रखते हुए बड़ा फैसला लिया है। न्यूजीलैंड के मुख्य डेयरी उत्पादों जैसे दूध, पनीर, मक्खन और घी को इस छूट की सूची से बाहर रखा गया है, ताकि देश के स्थानीय पशुपालकों और किसानों के कारोबार पर कोई प्रतिकूल असर न पड़े।
Location : New Delhi
Published : 16 September 2026, 10:10 AM IST