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शेयर बाजार में गिरावट (Img: Pinterest)
New Delhi: गुरुवार 3 सितंबर को भारतीय शेयर बाजार में काफी उतार-चढ़ाव देखा गया। शुरुआती तेजी के बाद ऊंचे स्तरों पर बिकवाली का दबाव हावी हो गया जिससे प्रमुख बेंचमार्क इंडेक्स गिरावट के साथ बंद हुए। ट्रेडिंग सेशन के अंत तक सेंसेक्स 417.49 अंक (0.55%) गिरकर 76,152.86 पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी 41 अंक (0.17%) गिरकर 23,873.45 पर बंद हुआ।
आज BSE पर कुल 4,546 शेयरों में ट्रेडिंग हुई। इनमें से 2,552 शेयरों में बढ़त देखी गई, जबकि 1,769 शेयर गिरावट के साथ बंद हुए। वहीं, 225 शेयरों में कोई खास बदलाव नहीं हुआ।
निफ्टी पर बढ़त बनाने वाले प्रमुख शेयरों में अडानी पोर्ट्स, एक्सिस बैंक, HDFC बैंक, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स और एशियन पेंट्स शामिल थे। दूसरी ओर गिरावट वाले प्रमुख शेयरों में टेक महिंद्रा, सिप्ला, बजाज ऑटो और महिंद्रा एंड महिंद्रा (M&M) शामिल थे।
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सेक्टर के हिसाब से देखें तो ऑटो, FMCG, IT और फार्मा इंडेक्स में लगभग 0.5% की गिरावट दर्ज की गई। IT शेयरों में बिकवाली का असर बाजार पर साफ तौर पर देखा गया। टेक महिंद्रा, HCL टेक्नोलॉजीज, इंफोसिस और TCS जैसे प्रमुख IT शेयर दबाव में रहे। इसके अलावा, टाइटन के शेयरों में लगभग 2% की गिरावट का भी निफ्टी पर असर पड़ा।
जहां ज्यादातर प्रमुख सेक्टर दबाव में रहे, वहीं रियल्टी इंडेक्स में 2.5% और मीडिया इंडेक्स में 1.7% की बढ़त हुई। इसके अलावा PSU बैंक और प्राइवेट बैंक इंडेक्स में भी लगभग 0.5% की बढ़त दर्ज की गई। निफ्टी मिडकैप इंडेक्स और स्मॉलकैप इंडेक्स क्रमशः 0.37% और 1.2% की बढ़त के साथ बंद हुए।
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मार्केट एक्सपर्ट्स के अनुसार, 3 सितंबर को गैप-अप ओपनिंग के बाद निवेशकों ने ऊंचे स्तरों पर मुनाफा वसूलना शुरू कर दिया। नतीजतन सेंसेक्स अपने इंट्राडे हाई से लगभग 800 अंक नीचे आ गया।
टेक्निकल एनालिस्ट का कहना है कि बाजार में फिर से तेजी लाने के लिए निफ्टी का 24,050 के स्तर से ऊपर बने रहना जरूरी है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि अगर इंडेक्स 24,143 के आस-पास मौजूद 50-दिन के EMA (एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज) को पार कर जाता है, तो 24,300–24,350 की रेंज की ओर रिकवरी की संभावना है। फिलहाल निफ्टी का शॉर्ट-टर्म ट्रेंड कमजोर बना हुआ है और 23,600–23,800 की रेंज को एक अहम सपोर्ट जोन माना जा रहा है।
Location : New Delhi
Published : 3 September 2026, 4:30 PM IST