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बोलते पंचायती राज मंत्री
महराजगंज: जिले सामाजिक समरसता महारैली के मंच से सोमवार को ओम प्रकाश राजभर ने बड़ा सियासी संदेश दिया। कांशी राम की जयंती के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम में उन्होंने पूर्वांचल राज्य की मांग को दोहराते हुए कहा कि यदि अलग पूर्वांचल राज्य बना तो राजभर समाज का बेटा ही उसका पहला मुख्यमंत्री बनेगा।
जिला कलेक्ट्रेट मैदान में आयोजित सुभासपा की इस महारैली की शुरुआत 100 से अधिक ब्राह्मणों द्वारा किए गए सामूहिक शंखनाद से हुई। पार्टी नेताओं ने इसे सामाजिक समरसता और शक्ति प्रदर्शन का प्रतीक बताया।
अपने संबोधन में पंचायती राज मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने वंचित, पिछड़े और दलित समाज को एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जब तक समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को बराबरी का अधिकार नहीं मिलेगा, तब तक असली सामाजिक न्याय संभव नहीं है।
“हम भी बेहया नेता हैं”
रैली के दौरान ओम प्रकाश राजभर ने अपने संघर्षों का जिक्र करते हुए कहा, “हम भी बेहया नेता हैं। 24 साल पहले हमने सुभासपा बनाई थी और गांव-गांव घूमकर लोगों को जागरूक किया। लोगों को एकजुट किया, तभी आज सत्ता में मंत्री बनने का मौका मिला।”
उन्होंने कहा कि सामाजिक और राजनीतिक लड़ाई लंबे संघर्ष से ही जीती जाती है और सुभासपा लगातार पिछड़े और वंचित समाज के अधिकारों की लड़ाई लड़ती रहेगी।
वन नेशन-वन एजुकेशन की उठाई मांग
राजभर ने शिक्षा व्यवस्था में समानता की मांग करते हुए कहा कि जिस तरह देश में वन नेशन-वन इलेक्शन की चर्चा हो रही है, उसी तरह वन नेशन-वन एजुकेशन भी लागू होना चाहिए ताकि अमीर और गरीब के बच्चों को एक समान शिक्षा मिल सके।
युवाओं से राजनीति में आने की अपील
कार्यक्रम में पार्टी के राष्ट्रीय प्रमुख महासचिव डॉ. अरविंद राजभर ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि समाज परिवर्तन का सबसे प्रभावी माध्यम राजनीति है। उन्होंने प्राथमिक स्तर से ही भारतीय संविधान की शिक्षा अनिवार्य करने और बेरोजगारी रोकने के लिए ब्लॉक स्तर पर कुटीर उद्योग स्थापित करने की मांग की।
इस अवसर पर राष्ट्रीय मुख्य प्रवक्ता अरुण राजभर, डॉ. एम.बी. राजभर, सालिक यादव, डॉ. संतोष पाण्डेय, राधिका पटेल सहित कई राष्ट्रीय व जिला स्तरीय पदाधिकारी मौजूद रहे।
Location : Maharajganj
Published : 16 March 2026, 7:17 PM IST
Topics : Leaders Maharajganj Om Prakash Rajbhar's Subhaspa