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उत्तर प्रदेश सरकार ने शुक्रवार को बड़ा प्रशासनिक फैसला लेते हुए सात आईपीएस अधिकारियों का तबादला कर दिया। इस फेरबदल में बदायूं, फतेहपुर, कासगंज, भदोही और गोरखपुर के पुलिस प्रमुखों में बदलाव किया गया है। अंकिता शर्मा को बदायूं का नया वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नियुक्त किया गया है, जबकि कई जिलों में नए एसपी तैनात किए गए हैं।
योगी आदित्यनाथ (Image Source: Internet)
Uttar Pradesh: सरकार ने शुक्रवार को पुलिस प्रशासन में बड़ा फेरबदल करते हुए सात आईपीएस अधिकारियों का तबादला कर दिया। इस आदेश के तहत चार जिलों के पुलिस अधीक्षकों समेत कई वरिष्ठ अधिकारियों की जिम्मेदारियों में बदलाव किया गया है।
शासन की ओर से जारी आदेश के अनुसार बदायूं, फतेहपुर, कासगंज, भदोही और गोरखपुर जिलों में पुलिस नेतृत्व में परिवर्तन किया गया है। प्रशासन का कहना है कि यह बदलाव कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने तथा प्रशासनिक कार्यों को अधिक प्रभावी ढंग से संचालित करने के उद्देश्य से किया गया है। तबादले के इस आदेश के बाद पुलिस विभाग में नई जिम्मेदारियों को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। अधिकारियों को जल्द ही अपने नए पदों पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए गए हैं।
जारी आदेश के अनुसार कासगंज की पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा को बदायूं का नया वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) नियुक्त किया गया है। वहीं बदायूं के मौजूदा एसएसपी डॉ. ब्रजेश कुमार सिंह का तबादला पुलिस अधीक्षक लॉजिस्टिक लखनऊ के पद पर कर दिया गया है।
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इसके अलावा फतेहपुर के पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार सिंह को पुलिस मुख्यालय से संबद्ध किया गया है। भदोही के पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक को अब फतेहपुर का नया पुलिस अधीक्षक बनाया गया है। इसी तरह पुलिस अधीक्षक लॉजिस्टिक ओम प्रकाश सिंह-प्रथम को कासगंज का नया पुलिस अधीक्षक नियुक्त किया गया है। इन नियुक्तियों के साथ कई जिलों में पुलिस प्रशासन की कमान नए अधिकारियों के हाथों में आ गई है।
तबादले की सूची में अन्य महत्वपूर्ण बदलाव भी शामिल हैं। गोरखपुर में तैनात अपर पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी को भदोही का नया पुलिस अधीक्षक बनाया गया है। वहीं गाजियाबाद के अपर पुलिस आयुक्त पाटिल निमिष दशरथ को गोरखपुर का पुलिस अधीक्षक नियुक्त किया गया है।
इन तबादलों के बाद प्रदेश के कई जिलों में पुलिस प्रशासन की नई टीम काम संभालेगी। अधिकारियों से उम्मीद की जा रही है कि वे अपने-अपने जिलों में कानून-व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने और अपराध नियंत्रण के लिए प्रभावी कदम उठाएंगे।
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विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के प्रशासनिक बदलाव से पुलिस व्यवस्था में नई ऊर्जा आती है और अधिकारियों को नई जिम्मेदारियों के साथ बेहतर काम करने का अवसर मिलता है। अब लोगों की नजर इस बात पर रहेगी कि नए अधिकारी अपने-अपने जिलों में किस तरह से काम करते हैं और कानून व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए क्या कदम उठाते हैं।