UP News: यूपीवासियों के लिए खुशखबरी! अब सफर होगा आसान, बदलने वाली है पूरे इलाके की तस्वीर

उत्तर प्रदेश में लालगंज से बाराबंकी तक करीब 120 किलोमीटर लंबा सिक्स लेन हाईवे प्रस्तावित है। हाईवे महाराजगंज और हैदरगढ़ होते हुए बाराबंकी पहुंचेगा। परियोजना से करीब 500 गांव और 50 छोटे-बड़े मार्ग जुड़ने की उम्मीद है। करीब 1000 करोड़ रुपये की लागत का अनुमान है। हैदरगढ़ में बाईपास भी प्रस्तावित है।

Post Published By: Poonam Rajput
Updated : 8 September 2026, 11:13 AM IST
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Lucknow: उत्तर प्रदेश में सड़क कनेक्टिविटी को लेकर एक बड़ा प्रोजेक्ट प्रस्तावित है, जिसके पूरा होने पर कई जिलों और सैकड़ों गांवों के लोगों को सीधा फायदा मिलने की उम्मीद है। लालगंज से बाराबंकी के बीच करीब 120 किलोमीटर लंबा सिक्स लेन हाईवे बनाने की तैयारी चल रही है। खास बात यह है कि प्रस्तावित हाईवे से करीब 500 गांवों और 50 छोटे-बड़े मार्गों के बेहतर कनेक्टिविटी से जुड़ने की संभावना है।

लालगंज से बाराबंकी तक बनेगा सिक्स लेन हाईवे

उत्तर प्रदेश राज्य राजधानी क्षेत्र यानी SCR में कनेक्टिविटी मजबूत करने के लिए इस सड़क परियोजना का प्रस्ताव तैयार किया गया है। प्रस्तावित हाईवे लालगंज से शुरू होकर महाराजगंज और हैदरगढ़ होते हुए बाराबंकी तक जाएगा। फिलहाल परियोजना सर्वे के स्तर पर है और आगे की प्रक्रिया बजट मंजूरी के बाद बढ़ने की उम्मीद है।

तीन हिस्सों में समझें पूरा रूट

प्रस्तावित करीब 120 किलोमीटर लंबे हाईवे को मुख्य रूप से तीन हिस्सों में देखा जा रहा है। लालगंज से महाराजगंज तक लगभग 50 किलोमीटर सड़क होगी। इसके बाद महाराजगंज से हैदरगढ़ तक करीब 30 किलोमीटर का हिस्सा प्रस्तावित है।

वहीं हैदरगढ़ से आगे प्रसिद्ध शिवधाम श्री अवसानेश्वर महादेव मंदिर के पास से कोठी होते हुए बाराबंकी तक करीब 40 किलोमीटर सड़क बनाने की योजना है।

50 रास्तों और 500 गांवों को मिलेगा फायदा

इस परियोजना की सबसे बड़ी खासियत इसकी कनेक्टिविटी बताई जा रही है। प्रस्तावित सिक्स लेन हाईवे से लालगंज, महाराजगंज, हैदरगढ़ और बाराबंकी क्षेत्र की करीब 50 छोटी-बड़ी सड़कें जुड़ सकती हैं। इससे आसपास के लगभग 500 गांवों के लोगों के लिए आवागमन आसान होने की उम्मीद है।

इसके अलावा हाईवे के जरिए पूर्वांचल एक्सप्रेसवे, लखनऊ-सुल्तानपुर नेशनल हाईवे समेत अन्य राष्ट्रीय राजमार्गों और प्रमुख मार्गों से भी कनेक्टिविटी बेहतर हो सकती है।

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करीब 1000 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान

अधिशासी अभियंता अजीत सोनकर के मुताबिक फिलहाल परियोजना का सर्वे किया गया है। बड़े प्रोजेक्ट के तौर पर इस पर करीब 1000 करोड़ रुपये की लागत आने का अनुमान है। हालांकि अभी शासन से बजट मंजूरी मिलना बाकी है। बजट स्वीकृत होने के बाद परियोजना की अगली प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।

हैदरगढ़ में बनेगा बाईपास?

प्रस्ताव में हैदरगढ़ कस्बे को लेकर भी खास योजना शामिल है। वाहनों का दबाव कम करने और उन्हें कस्बे के बाहर से निकालने के लिए हैदरगढ़ में बाईपास बनाने का प्रस्ताव रखा गया है। इससे कस्बे के भीतर यातायात व्यवस्था को राहत मिलने की उम्मीद है।

वहीं बाराबंकी से प्रस्तावित नई सड़क तक करीब 37 किलोमीटर मार्ग को फोरलेन करने का प्रस्ताव फिलहाल रोक दिया गया है।

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बजट मंजूरी के बाद साफ होगी तस्वीर

फिलहाल पूरा प्रोजेक्ट प्रस्ताव और सर्वे के स्तर पर है। अभी इसे अंतिम रूप दिया जाना और बजट की मंजूरी मिलना बाकी है। अगर प्रस्तावित योजना को मंजूरी मिलती है तो लालगंज से बाराबंकी तक करीब 120 किलोमीटर का यह सिक्स लेन कॉरिडोर क्षेत्र की कनेक्टिविटी में बड़ा बदलाव ला सकता है। इससे करीब 500 गांवों के लोगों के लिए सफर आसान होने के साथ व्यापार और स्थानीय आवागमन को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।

Location :  Barabanki

Published :  8 September 2026, 11:13 AM IST

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