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वन रक्षक चौकी
महराजगंज: बागापार के फुरसतपुर चौराहे पर उस समय लोगों की नजरें ठहर गईं, जब दो युवक साइकिल पर लकड़ी के बड़े-बड़े टुकड़े लादकर बेखौफ गुजरते दिखाई दिए। लकड़ी देखने में शाखू जैसी कीमती प्रजाति की लग रही थी। युवकों को इस तरह लकड़ी ले जाते देख मौके पर मौजूद लोगों में चर्चा शुरू हो गई और कई लोगों ने इस पूरे मामले को अपने मोबाइल कैमरे में कैद कर लिया।
मामला सिर्फ साइकिल पर लकड़ी ले जाने तक सीमित नहीं है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बागापार, फुरसतपुर और चौक रेंज क्षेत्र में इस तरह लकड़ी की आवाजाही को लेकर पहले भी चर्चाएं होती रही हैं।
लोगों का सवाल है कि अगर यह लकड़ी वन क्षेत्र से काटकर लाई जा रही है तो वन विभाग की निगरानी व्यवस्था आखिर कहां है?
सबसे बड़ा सवाल इसलिए खड़ा हो रहा है क्योंकि जिस रास्ते से युवक लकड़ी लेकर गुजरते दिखाई दिए, वहां आसपास वन विभाग की चौकियां और वन क्षेत्र से जुड़े सूचना बोर्ड मौजूद हैं।
क्षेत्र में वन रक्षक चौकी जगपुर बीट, पकड़ी रेंज और दक्षिणी वन प्रभाग महराजगंज से जुड़े बोर्ड लगे हुए हैं। साथ ही वन क्षेत्र में प्रवेश वर्जित होने की चेतावनी भी दी गई है।
ऐसे में सवाल उठ रहा है कि यदि लकड़ी अवैध तरीके से लाई गई थी तो वह निगरानी से कैसे बच गई? और अगर लकड़ी वैध थी तो क्या उसे ले जाने के लिए जरूरी अनुमति मौजूद थी?
स्थानीय लोगों का आरोप है कि खुलेआम साइकिल पर बड़े-बड़े लकड़ी के टुकड़े लेकर गुजरना वन विभाग की सक्रियता पर सवाल खड़े करता है।
हालांकि अभी यह पुष्टि नहीं हुई है कि लकड़ी वास्तव में किस प्रजाति की है और उसे कहां से काटकर लाया गया। वन विभाग की जांच के बाद ही पूरे मामले की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
Location : Maharajganj
Published : 8 September 2026, 10:35 AM IST
Topics : Forest Maharajganj transport youth