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बरेली मीरगंज पुलिस और एएनटीएफ ने नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। 646 ग्राम स्मैक, हेरोइन और 52.5 किलो एसीटिक एनहाइड्राइड के साथ तीन तस्कर गिरफ्तार। इनके पास इनोवा कार, तीन मोबाइल और 1 लाख रुपये नकद भी बरामद हुए। पुलिस अब पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है।
पुलिस ने तीन तस्करों को गिरफ्तार किया
Bareilly: बरेली मीरगंज थाने की पुलिस और एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) को नशा तस्करी के खिलाफ मंगलवार रात बड़ी सफलता मिली। बरेली-रामपुर हाईवे पर हुरहुरी मोड़ के पास दबिश देकर पुलिस ने 646 ग्राम हेरोइन और 52.5 किलो एसीटिक एनहाइड्राइड (हेरोइन बनाने वाला केमिकल) के साथ तीन तस्करों को गिरफ्तार किया। तलाशी के दौरान एक इनोवा कार, तीन मोबाइल फोन और करीब एक लाख रुपये नकद भी बरामद किए गए।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान शाकिर पुत्र शहामीर (ग्राम साहासा, विसारतगंज), ओमेन्द्र पुत्र मटरू सिंह (ग्राम बहोरपुरा, बिनावर, बदायूं) और मनोज पुत्र रज्जन सिंह (ग्राम औंध, फतेहगंज पश्चिमी) के रूप में हुई है। तीनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की अलग-अलग धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
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प्रभारी निरीक्षक संजय सिंह तोमर ने बताया कि 5 जनवरी को बीट सूचना के जरिए पता चला कि कुछ तस्कर स्मैक बनाने वाले केमिकल के साथ सप्लाई के लिए आ रहे हैं। इसके बाद उच्चाधिकारियों के आदेश पर टीम गठित की गई। 6 जनवरी को मुखबिर ने जानकारी दी कि तस्कर इनोवा कार (यूपी 53 डीटी 7227) से मीरगंज क्षेत्र में केमिकल की डिलीवरी देने और तैयार स्मैक लेने आने वाले हैं।
सूचना मिलते ही पुलिस ने बरेली-रामपुर हाईवे पर घेराबंदी कर दबिश दी। तलाशी के दौरान शाकिर के पास से 640 ग्राम हेरोइन, 1 लाख रुपये नकद और मोबाइल फोन बरामद हुए। ओमेन्द्र के कब्जे से 52.5 किलो एसीटिक एनहाइड्राइड और मोबाइल फोन मिले। वहीं चालक मनोज के पास से भी मोबाइल और नकदी बरामद की गई। ड्रग डिटेक्शन किट से स्मैक और केमिकल की जांच में पुष्टि हुई।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि एसीटिक एनहाइड्राइड गजरौला क्षेत्र से लाकर शाकिर को सप्लाई किया जाता था, जिससे स्मैक तैयार कर बाजार में बेची जाती थी। तैयार स्मैक का एक हिस्सा सप्लायर को भी दिया जाता था। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुट गई है।
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पुलिस उपाधीक्षक मीरगंज अजय कुमार सिंह ने बताया कि नशा तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और पूरे नेटवर्क पर शिकंजा कसा जाएगा। बरामद स्मैक और केमिकल के नमूने एफएसएल जांच के लिए भेजे जाएंगे। एएनटीएफ टीम में उपनिरीक्षक रवि कुमार, हेडकांस्टेबल दिनेश कुमार, सिपाही सौरभ चौधरी, अंकित यादव, विनीत कुमार, कुश कुमार और रसविंद्र चौधरी के साथ मीरगंज थाने के सहयोगी शामिल रहे।