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दोनों आरोपी गिरफ्तार
जानकारी के मुताबिक, संग्रामगढ़ थाना क्षेत्र के रहने वाले बिजेन्द्र सिंह 27 अक्टूबर को घर से खेत देखने के लिए निकले थे। देर रात तक वापस नहीं लौटने पर परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। इसके बाद उनके भाई वीरेंद्र सिंह ने पुलिस को तहरीर दी, जिसके आधार पर गुमशुदगी दर्ज कर जांच शुरू की गई।
29 अक्टूबर को पुलिस को गांव से पिपरी जाने वाले रास्ते पर एक नाले के पास झाड़ियों में बिजेन्द्र का मोबाइल फोन लावारिस हालत में मिला। मोबाइल मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए सर्विलांस और स्थानीय सूचनाओं के आधार पर जांच आगे बढ़ाई।
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जांच के दौरान 2 नवंबर को गांव के ही एक तालाबनुमा गहरे गड्ढे से बिजेन्द्र का शव बरामद हुआ। शव मिट्टी से भरी बोरी से बंधा हुआ था। इसके बाद पुलिस ने हत्या के पहलू से जांच तेज कर दी। संदिग्धों से पूछताछ और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पुलिस मृतक के दो दोस्तों नीरज सिंह और साहिल सरोज तक पहुंची।
पुलिस पूछताछ के मुताबिक, नीरज सिंह गांव की ही एक लड़की से प्रेम करता था। बिजेन्द्र सिंह को इस प्रेम प्रसंग की जानकारी थी और उन्होंने इसकी सूचना लड़की के परिजनों को दे दी थी। इससे नीरज का प्रेम प्रसंग टूट गया और वह बिजेन्द्र से रंजिश रखने लगा। इसी नाराजगी में नीरज ने अपने साथी साहिल सरोज के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने योजना के तहत बिजेन्द्र को अपने पास बुलाया और उन्हें काफी शराब पिलाई। जब वह नशे में हो गए तो दोनों ने रस्सी से उनका गला घोंट दिया। हत्या के बाद पहचान और वारदात छिपाने के इरादे से शव को मिट्टी से भरी बोरी के सहारे बांधकर तालाब के गहरे पानी में डाल दिया।
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर मृतक का शव बरामद करने के साथ साहिल सरोज के कब्जे से बिजेन्द्र का पर्स, आधार कार्ड, एटीएम कार्ड और वारदात में इस्तेमाल रस्सी का टुकड़ा भी बरामद किया है।
Location : Pratapgarh
Published : 4 November 2026, 7:24 PM IST