CJP छात्र आंदोलन के फूड वॉलंटियर जुनैद मलिक की याचिका पर कब सुनवाई? अखिलेश यादव के सामने रखा मुद्दा

जंतर-मंतर पर छात्र आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों को खाना बांटने वाले फूड वॉलंटियर जुनैद मलिक ने अवैध हिरासत और परिवार को परेशान करने के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है।

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 30 July 2026, 1:57 PM IST
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Ghaziabad: सीजेपी (CJP) छात्र आंदोलन से जुड़े फूड वॉलंटियर जुनैद मलिक की याचिका पर अब 3 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी। जुनैद ने दिल्ली पुलिस, गाजियाबाद पुलिस और मेरठ पुलिस पर अवैध हिरासत में रखने, धमकाने और उनके परिवार को परेशान करने के आरोप लगाए हैं। फिलहाल जुनैद दिल्ली में रह रहे हैं। जबकि उनका पैतृक गांव गाजियाबाद के नाहल क्षेत्र में है।

जंतर-मंतर पर खाना बांटने के बाद हिरासत में लेने का आरोप

जुनैद मलिक का आरोप है कि जंतर-मंतर पर छात्र आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों को भोजन उपलब्ध कराने के बाद दिल्ली पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया। उनका कहना है कि पूछताछ के दौरान पुलिस अधिकारियों ने आंदोलन की फंडिंग और प्रदर्शनकारियों को भोजन उपलब्ध कराने के संबंध में सवाल किए। जुनैद के मुताबिक, पूछताछ के बाद उन्हें दिल्ली से उत्तराखंड की ओर ले जाकर छोड़ दिया गया। हालांकि, इन आरोपों की पुलिस की ओर से आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

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आंखों पर पट्टी बांधकर पूछताछ का दावा

जुनैद ने एक वीडियो बयान में बताया कि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान उन्हें एक कुत्ते ने काट लिया था। इसके बाद वह अपने एक साथी के साथ इलाज के लिए आरएमएल अस्पताल गए थे। उनका आरोप है कि अस्पताल से लौटते समय कुछ लोगों ने खुद को दिल्ली पुलिस का अधिकारी बताया और उन्हें एक वाहन में बैठा लिया। जुनैद का दावा है कि इसके बाद उनकी आंखों पर पट्टी बांधकर आंदोलन की फंडिंग और छात्रों को भोजन बांटने को लेकर पूछताछ की गई।जुनैद ने बताया कि बाद में उन्हें देहरादून रोड की ओर ले जाकर छोड़ दिया गया। इन दावों की स्वतंत्र या आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।

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गाजियाबाद और मेरठ पुलिस पर परिवार को परेशान करने का आरोप

जुनैद का आरोप है कि उन्हें उत्तराखंड की ओर छोड़े जाने के बाद गाजियाबाद पुलिस ने उनके घर पर दबिश दी और उनके पिता को हिरासत में लिया। उन्होंने मेरठ पुलिस पर भी अपनी बहन के ससुराल पक्ष के लोगों को हिरासत में लेकर धमकाने का आरोप लगाया है। इन्हीं आरोपों को लेकर जुनैद ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है। याचिका में पुलिस की कथित कार्रवाई की जांच और परिवार को परेशान किए जाने के मामले में राहत की मांग की गई है।

28 जुलाई को अखिलेश यादव से की मुलाकात

जुनैद मलिक ने बताया कि उन्होंने 28 जुलाई को समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से मुलाकात कर अपना पक्ष रखा। इस दौरान समाजवादी पार्टी के कई नेता भी मौजूद रहे। जुनैद ने बताया कि अखिलेश यादव ने उन्हें आश्वासन दिया कि समाजवादी पार्टी उनके साथ खड़ी है। जुनैद ने दावा किया कि इस दौरान अखिलेश यादव ने उनसे पूछा, “क्या खाना बांटना अपराध है?”

Location :  Ghaziabad

Published :  30 July 2026, 1:52 PM IST

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