हिंदी
नाव सवार को बचाते हुए थाना प्रभारी दिनेश शुक्ला (Img- Dynamite News)
Fatehpur: औंग क्षेत्र के आशापुर-जाड़े का पुरवा मार्ग पर शनिवार को उस वक्त हड़कंप मच गया, जब बाढ़ के पानी के बीच से गुजर रही एक नाव संतुलन बिगड़ने के कारण अचानक पलट गई। नाव पर करीब एक दर्जन से अधिक ग्रामीण सवार थे, जो अपने गंतव्य की ओर जा रहे थे। नाव पलटते ही सभी लोग पानी में समा गए और मौके पर चीख-पुकार के साथ अफरा-तफरी का माहौल बन गया। तेज बहाव के बीच डूब रहे लोग मदद के लिए गुहार लगाने लगे।
घटना की सूचना जैसे ही स्थानीय पुलिस को मिली, औंग थाना प्रभारी दिनेश कुमार शुक्ला बिना एक पल गंवाए अपनी टीम के साथ फौरन मौके पर पहुँचे। मौके पर ग्रामीणों को डूबता देख और स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए थाना प्रभारी ने अपनी सुरक्षा की परवाह किए बिना तुरंत बाढ़ के गहरे पानी में छलांग लगा दी। उनके इस कदम को देखकर बाकी पुलिसकर्मी और स्थानीय गोताखोर भी तुरंत पानी में उतर पड़े।
थाना प्रभारी दिनेश कुमार शुक्ला और उनकी टीम ने स्थानीय ग्रामीणों के सहयोग से बेहद चुनौतीपूर्ण स्थिति में रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया। एक-एक करके पानी में डूब रहे सभी ग्रामीणों को कड़ी मशक्कत के बाद सुरक्षित किनारे पर लाया गया। समय रहते पुलिस की त्वरित कार्रवाई और सूझबूझ के चलते एक बड़ा भयानक हादसा होने से टल गया और किसी भी तरह की जनहानि नहीं हुई।
अपनी जान जोखिम में डालकर दूसरों की जिंदगी बचाने वाले थाना प्रभारी और उनकी टीम की इस दिलेरी की पूरे इलाके में जमकर तारीफ हो रही है। मौके पर मौजूद ग्रामीणों का कहना है कि अगर पुलिस टीम कुछ मिनट और देर से पहुँचती, तो बड़ा हादसा हो सकता था। इस साहसिक कार्य ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि संकट के समय में पुलिस जनता की असली मददगार है।
इस घटना ने बाढ़ प्रभावित ग्रामीण इलाकों में जल परिवहन और सुरक्षा के इंतजामों पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन ने क्षेत्र के लोगों से अपील की है कि बाढ़ के पानी में ओवरलोड नावों पर सफर न करें और सुरक्षित आवागमन के लिए पूरी सावधानी बरतें।
Location : Fatehpur
Published : 3 October 2026, 8:45 AM IST