ऑनलाइन दवा बिक्री के खिलाफ दवा कारोबारियों की हड़ताल, यूपी में इस दिन बंद रहेंगी थोक दुकानें?

ऑनलाइन दवाओं की बिक्री के विरोध में सोमवार को दवा कारोबारी हड़ताल पर रहेंगे। व्यापारियों का आरोप है कि बिना मेडिकल जांच और फार्मासिस्ट सत्यापन के दवाओं की बिक्री हो रही है, जिससे युवाओं में नशे की लत बढ़ रही है।

Post Published By: Nitin Parashar
Updated : 17 May 2026, 7:08 PM IST
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Lucknow : ऑनलाइन दवाओं की बिक्री को लेकर दवा कारोबारियों का गुस्सा अब खुलकर सामने आ गया है। सोमवार को प्रदेश समेत देशभर में दवा व्यापारी हड़ताल पर रहेंगे। कारोबारियों का आरोप है कि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर बिना किसी मेडिकल जांच और फार्मासिस्ट की निगरानी के दवाएं बेची जा रही हैं। जिससे युवाओं में नशे की लत भी तेजी से बढ़ रही है। इस विरोध के तहत थोक दवा बाजार पूरी तरह बंद रहेंगे। जिलाधिकारी को ज्ञापन देकर ऑनलाइन दवा बिक्री पर रोक लगाने की मांग की जाएगी।

देशभर में होगा विरोध प्रदर्शन

ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट (AIOCD) के आह्वान पर सोमवार को प्रदेश के सभी जिलों में दवा कारोबारी हड़ताल करेंगे। कारोबारियों ने बताया कि ऑनलाइन दवा कंपनियां नियमों को दरकिनार कर हर तरह की दवाएं आसानी से बेच रही हैं। इससे स्थानीय मेडिकल स्टोर संचालकों का कारोबार भी प्रभावित हो रहा है।

बिना जांच बिक रहीं दवाओं पर नाराजगी

दवा व्यापारियों का आरोप है कि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर दर्द निवारक दवाएं, स्लीपिंग पिल्स और कुछ प्रतिबंधित दवाएं भी बिना किसी सख्त सत्यापन के बेची जा रही हैं। उनका कहना है कि मेडिकल स्टोर पर फार्मासिस्ट संदिग्ध ग्राहकों को कई बार दवा देने से मना कर देते हैं, लेकिन ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर ऐसी कोई सख्ती नहीं दिखाई देती। इससे युवाओं में नशे की लत बढ़ने का खतरा लगातार बढ़ रहा है।

अस्पतालों के पास खुलेंगी कुछ दुकानें

हड़ताल के दौरान गंभीर मरीजों को परेशानी न हो, इसके लिए अस्पतालों के आसपास स्थित कुछ फुटकर मेडिकल स्टोर खुले रहेंगे। कारोबारियों ने साफ किया है कि इमरजेंसी और जीवन रक्षक दवाओं की उपलब्धता प्रभावित नहीं होने दी जाएगी।

सरकार से कार्रवाई की मांग

लखनऊ केमिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन के प्रवक्ता मयंक रस्तोगी ने बताया कि ऑनलाइन दवा बिक्री को नियंत्रित करने के लिए सख्त नियम लागू किए जाने चाहिए। उन्होंने मांग की कि दवाओं की बिक्री केवल फार्मासिस्ट की निगरानी में ही होनी चाहिए। कारोबारियों का कहना है कि अगर सरकार ने जल्द कदम नहीं उठाया तो आने वाले समय में आंदोलन और तेज किया जाएगा।

Location :  Lucknow

Published :  17 May 2026, 7:06 PM IST

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