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बदायूं पुलिस पर गंभीर आरोप
Budaun: जिले के दातागंज कोतवाली क्षेत्र की समरेर पुलिस चौकी पर एक नाबालिग से मारपीट और घंटों तक बैठाकर रखने का आरोप सामने आया है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि मामला पहले ही दोनों पक्षों के बीच सुलझ चुका था, इसके बावजूद पुलिस ने एक पक्ष के 16 वर्षीय किशोर को चौकी में बुलाकर थप्पड़ और पट्टों से पीटा।
दातागंज कोतवाली क्षेत्र के समरेर गांव में भैंस चराने को लेकर बच्चों के बीच विवाद हो गया था। इस विवाद के बाद नन्हे यादव ने अजीत यादव पुत्र प्रकाश यादव, प्रकाश यादव पुत्र जय सिंह यादव और रोहित यादव पुत्र प्रकाश यादव के खिलाफ कोतवाली में तहरीर दी थी।
तहरीर के अगले ही दिन दोनों पक्ष चौकी पहुंचे। पुलिस की मौजूदगी में बातचीत के बाद दोनों ओर से समझौता हो गया और लिखित फैसला भी चौकी में जमा करा दिया गया। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि समझौते के बावजूद समरेर चौकी के दरोगा ने 16 वर्षीय अजीत यादव को बुलाया।
अजीत यादव का आरोप है कि उसे चौकी में 7 से 8 थप्पड़ और 4 से 5 डंडे मारे गए। इसके साथ ही उसे रात 9 बजे तक चौकी में बैठाकर रखा गया और फिर घर भेज दिया गया।
इस घटना के बाद कई सवाल उठ रहे हैं। पहला, जब दोनों पक्षों में समझौता हो चुका था और लिखित में दे दिया गया था, तो फिर नाबालिग को दोबारा चौकी क्यों बुलाया गया। दूसरा, यदि नन्हे यादव के पुत्र को चोट आई थी तो उसका मेडिकल परीक्षण क्यों नहीं कराया गया। तीसरा, एक नाबालिग के साथ चौकी में मारपीट और देर रात तक हिरासत में रखने के आरोप कितने सही हैं।
कानूनी जानकारों का कहना है कि नाबालिग से जुड़े किसी भी मामले में बाल कल्याण समिति और परिजनों को सूचना देना अनिवार्य होता है। बिना मेडिकल और बिना परिजनों को बताए इस तरह की कार्रवाई पर सवाल उठना लाजमी है।
इस संबंध में दातागंज कोतवाली के थाना अध्यक्ष वेदपाल सिंह से बात की गई। उन्होंने कहा, "मुझे अभी मामले की कोई जानकारी नहीं है। संज्ञान में आने के बाद ही तथ्यों की जांच कराकर कुछ कहा जा सकेगा।"
अब सबकी नजरें जिले के आला अधिकारियों पर टिकी हैं। मामले में आगे की कार्रवाई को लेकर एसएसपी अंकिता शर्मा और सीओ दातागंज आशेष नाथ सिंह से जवाब मांगा जाएगा। सूत्रों के अनुसार शिकायत की प्रति उच्चाधिकारियों को भी भेजी जा रही है।
समरेर गांव में इस घटना के बाद चर्चाएं तेज हैं। एक ओर जहां लोग समझौते के बाद भी हुई कार्रवाई को गलत बता रहे हैं, वहीं दूसरी ओर कुछ लोग पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।
फिलहाल पुलिस ने इस मामले में अभी तक कोई केस दर्ज नहीं किया है। एसएसपी के संज्ञान लेने के बाद ही तय होगा कि चौकी प्रभारी के खिलाफ विभागीय जांच होगी या फिर अलग से मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
Location : Budaun
Published : 4 August 2026, 6:20 AM IST