महराजगंज: सीमा पर स्थापित वाच टावर पर जम रही धूल, हालात से अंजान बना विभाग

भारत-नेपाल सीमा पर निगरानी के लिए लगाया गया वाच टावर बेमतलब ही धूल खा रहा है। सही तरीके से रखरखाव ना होने के कारण इस वाच टावर का इस्तेमाल अब नहीं किया जा रहा है। अब सवाल ये उठता है कि इस वाच टावर की इस हालत के बाद सीमा की निगरानी कैसे की जाएगी। पढ़ें डाइनामाइट न्यूज़ पर पूरी खबर..

Updated : 22 July 2019, 2:07 PM IST
google-preferred

महराजगंज: भारत-नेपाल सीमा की निगरानी के लिए नेपाल सीमा सटे सोनौली और संपतिहा में स्थापित वाच टावर धूल से भरा हुआ है, यहां ना कोई पुलिसकर्मी नजर आता है ना ही किसी की ड्यूटी लगाई जाती है।

यह भी पढ़ें: महराजगंज: नेशनल हाइवे Vs बाई-पास, कुछ सुलगते सवाल..

संपतिहा और सोनौली पुलिस चौकी पर स्थापित होने के बाद से ही न तो उस पर किसी पुलिस कर्मी की ड्यूटी लगी और नहीं विभाग ने उस पर ध्यान दिया। बता दें कि साल 2009 में नेपाल में हुए उग्र माओवादी आंदोलन के बाद प्रदेश सरकार ने सीमा पर सुरक्षा और सतर्कता बढ़ाई थी। जिस दौरान ये टावर स्थापित किया गया था। इस टावर की कीमत लाखों रुपए हैं। टावर की दुर्दशा पर विभाग की निगाह भी नहीं पड़ती है।  

यह भी पढ़ें: महराजगंज: हाईवे कर्मचारियों ने रात का नहीं किया इंतजार, शाम से ही शुरू अतिक्रमण हटाने का काम

लेकिन जब से ये टावर स्थापित हुआ है तब से ही इसका इस्तेमाल नहीं किया गया है। इतना ही नहीं सोनौली में टावर का इतना बुरा हाल है कि आसपास में कचड़े का ढेर जमा हो गया है। जिससे दुर्गंध भी आती है। जब सवाल किए गए तो पुलिस क्षेत्राधिकारी राजू कुमार साव का कहना है की संपतिहा व सोनौली में स्थापित वाच टावर की सफाई व उसके रंग रोगन कराया जाएगा। वाच टावरों पर पुलिस कर्मियों की ड्यूटी भी लगाई जाएगी।

Published : 
  • 22 July 2019, 2:07 PM IST

Advertisement
Advertisement