सरौली में भव्य आध्यात्मिक आयोजन का शुभारंभ, पूरा गांव भक्ती में डूबा

डीएन संवाददाता

फतेहपुर जिले के विकास खण्ड विजयीपुर के ग्राम सभा सरौली गाँव में सात दिवसीय कथा का कलश यात्रा के साथ शुभारंभ हुआ। पढ़िये डाइनामाइट न्यूज़ की पूरी रिपोर्ट

7 दिवसीय कथा शुरू हुई
7 दिवसीय कथा शुरू हुई


फतेहपुर : फतेहपुर जिले के विजयीपुर विकास खंड के ग्राम सभा सरौली में भव्य आध्यात्मिक आयोजन का शुभारंभ हुआ। सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ बड़े ही भक्ति और उत्साह के माहौल में कलश यात्रा के साथ हुआ। पूरे गांव में भक्तिमय माहौल देखने को मिला। कार्यक्रम के पहले दिन ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और अपनी भक्ति से आयोजन को सफल बनाया।

डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, कार्यक्रम की शुरुआत भव्य कलश यात्रा से हुई, जिसमें 21 कन्याएं पीले वस्त्र धारण कर सिर पर कलश लेकर चल रही थीं। पीले वस्त्र धारण की हुई कन्याओं के साथ ग्रामीण महिलाएं और पुरुष भी यात्रा में शामिल हुए। ढोल-नगाड़ों और भजन-कीर्तन के साथ कलश यात्रा पूरे गांव में घूमी। कई स्थानों पर ग्रामीणों ने पुष्प वर्षा कर यात्रा का स्वागत किया। इस पावन यात्रा से गांव में अध्यात्म और भक्ति की गंगा बह निकली।

यज्ञ और पूजन से हुई शुरुआत

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कलश यात्रा के बाद विधिवत यज्ञ और पूजन का आयोजन किया गया। आचार्यों व पंडितों द्वारा मंत्रोच्चार के बीच हवन कुंड में आहुति दी गई। गांव के लोग यज्ञ में भाग लेकर अपने जीवन को पवित्र व मंगलमय बनाने की कामना करते नजर आए।वृंदावन धाम से कथावाचक के रूप में आए आचार्य नंद जी महाराज ने सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ किया। पहले दिन की कथा में उन्होंने भक्ति, ज्ञान व वैराग्य का विस्तार से वर्णन किया। उन्होंने बताया कि सांसारिक जीवन में दुखों व कष्टों से मुक्ति का एकमात्र उपाय भगवान की भक्ति है। भक्ति ही एकमात्र साधन है, जिसके द्वारा आत्मा परमात्मा से मिल सकती है और मोक्ष की ओर अग्रसर हो सकती है।

उन्होंने शुकदेव जी महाराज के चरित्र का चिंतन करते हुए बताया कि किस प्रकार राजकुमार होते हुए भी शुकदेव जी ने सांसारिक मोह-माया को त्यागकर भगवान की भक्ति का मार्ग अपनाया और अपना संपूर्ण जीवन तप व ध्यान में व्यतीत किया। श्रोताओं ने पूरी श्रद्धा के साथ कथा सुनी और भक्ति में लीन हो गए। आचार्य नंद जी ने कहा कि भगवान की कथा सुनने मात्र से जीव के सभी पाप नष्ट हो जाते हैं तथा मनुष्य के जीवन में सुख-शांति बनी रहती है।

श्रद्धालु श्रोताओं से पंडाल खचाखच भरा रहा

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कथा स्थल पर विशाल पंडाल सजाया गया था, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीण पुरुष, महिलाएं व बच्चे मौजूद थे। पूरा पंडाल भक्ति में लीन था। श्रोताओं ने मंत्रमुग्ध होकर कथा सुनी तथा बार-बार हरे राम हरे कृष्ण का जाप किया। माहौल पूरी तरह आध्यात्मिक व भक्तिमय बना रहा। इस सात दिवसीय कार्यक्रम को सफल बनाने में गांव के कई लोग पूरे मनोयोग से लगे हुए हैं। कार्यक्रम का संचालन ओमप्रकाश सिंह कर रहे हैं। उनके साथ ही जितेंद्र सिंह, पवन सिंह, ननकू सिंह, आशुतोष सिंह, ओमनाथ सिंह, रुद्रपाल सिंह व गोलू सिंह भी कार्यक्रम का संचालन कर रहे हैं। सभी लोग आयोजन को भव्य व सफल बनाने में लगे हुए हैं।










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