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पश्चिम बंगाल के मुख्य चुनाव अधिकारी (CEO) मनोज अग्रवाल
New Delhi: गृह मंत्रालय (MHA) ने पश्चिम बंगाल के मुख्य चुनाव अधिकारी (CEO) मनोज अग्रवाल को Y-प्लस कैटेगरी की सुरक्षा दी है। एक महीने पहले पश्चिम बंगाल के चीफ इलेक्शन ऑफिसर के ऑफिस की सिक्योरिटी को लेकर चिंता जताई गई थी। इसी वजह से इस बार केंद्र सरकार ने मुख्य चुनाव अधिकारी की सिक्योरिटी बढ़ा दी। मुख्य निर्वाचन अधिकारी को Y+ श्रेणी की सुरक्षा दी गई है, जिसके अंतर्गत लगभग 20 CISF जवान मौके पर तैनात रहेंगे।
मनोज अग्रवाल 1990 बैच के IAS ऑफिसर हैं। मार्च में चुनाव आयोग ने मनोज अग्रवाल को बंगाल का नया मुख्य चुनाव अधिकारी नियुक्त किया है। मनोज अग्रवार के नेतृत्व में पश्चिम बंगाल में 2026 के चुनाव होंगे और चुनाव के बाद वह जुलाई 2026 नें रिटायर हो जाएंगे।
इससे पहले वह बंगाल के फूड और सप्लाई विभाग के सेक्रेटरी थे। खाद्य विभाग के सचिव के कार्यकाल के दौरान मनोज अग्रवाल को 2018 में PDS में गड़बड़ियों पर अधिकारियों से FIR दर्ज करने के लिए कहने के बाद “हटा दिया गया” था। अक्टूबर 2023 में तत्कालीन फूड और सप्लाई मंत्री ज्योतिप्रिय मल्लिक को CBI ने राशन में गड़बड़ियों के आरोप में गिरफ्तार किया था।
सूत्रों के मुताबिक, शनिवार से पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision) की प्रक्रिया के तहत सुनवाई शुरू हो रही है। इसी दौरान सुरक्षा से जुड़े इनपुट सामने आने के बाद गृह मंत्रालय ने मुख्य चुनाव अधिकारी को Y+ कैटेगरी की सुरक्षा देने का फैसला लिया।
Y+ सुरक्षा के तहत आमतौर पर कई सशस्त्र सुरक्षाकर्मी चौबीसों घंटे संबंधित अधिकारी की सुरक्षा में तैनात रहते हैं। इसमें आवास, कार्यालय और आवाजाही के दौरान सुरक्षा कवर शामिल होता है।
Location : New Delhi
Published : 28 December 2025, 8:45 PM IST