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AAP सांसद अशोक मित्तल (Img: Google)
New Delhi: आम आदमी पार्टी (AAP) के राज्यसभा सांसद अशोक मित्तल एक बार फिर सुर्खियों में हैं। बुधवार सुबह प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने उनके कई ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। यह कार्रवाई गुरुग्राम, जालंधर और पंजाब के अन्य स्थानों समेत कुल 8 से 9 ठिकानों पर की गई।
सूत्रों के अनुसार, यह छापेमारी लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी से जुड़े कथित वित्तीय अनियमितताओं और मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में की जा रही है। जांच एजेंसी इस बात की पड़ताल कर रही है कि यूनिवर्सिटी के फंड के उपयोग में कहीं गड़बड़ी तो नहीं हुई और क्या किसी तरह के निवेश या लेन-देन में विदेशी मुद्रा कानूनों का उल्लंघन हुआ है।
बताया जा रहा है कि ईडी की टीम ने अशोक मित्तल के साथ-साथ उनके बेटे से जुड़े ठिकानों पर भी दबिश दी है। उनके बेटे कई व्यावसायिक गतिविधियों में सक्रिय बताए जाते हैं, ऐसे में जांच एजेंसी डिजिटल डेटा, वित्तीय दस्तावेज और अन्य महत्वपूर्ण सबूतों को खंगाल रही है।
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इस कार्रवाई की टाइमिंग को लेकर भी राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है। हाल ही में आम आदमी पार्टी ने अशोक मित्तल को राज्यसभा में डिप्टी लीडर नियुक्त किया था। उन्होंने इस पद पर राघव चड्ढा की जगह ली थी। ऐसे में उनके खिलाफ अचानक हुई यह कार्रवाई कई सवाल खड़े कर रही है।
ईडी की इस कार्रवाई को लेकर आम आदमी पार्टी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। पार्टी संयोजक अरविंद केजरीवाल ने इसे सीधे तौर पर राजनीतिक प्रतिशोध करार दिया है। उनका कहना है कि केंद्र सरकार एजेंसियों का इस्तेमाल कर विपक्षी नेताओं को निशाना बना रही है।
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केजरीवाल ने आरोप लगाया कि पंजाब में आगामी चुनावों को देखते हुए यह कार्रवाई की गई है। उन्होंने कहा कि “यह बीजेपी की चुनावी रणनीति का हिस्सा है, लेकिन पंजाब की जनता इसे बर्दाश्त नहीं करेगी।”
वहीं, राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने भी केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि “जहां-जहां चुनाव होते हैं, वहां पहले एजेंसियां पहुंच जाती हैं। यह कार्रवाई भी उसी पैटर्न का हिस्सा है।”
Location : New Delhi
Published : 15 April 2026, 11:28 AM IST