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उद्धव ठाकरे (Image Source: Pinterest)
Mumbai: महाराष्ट्र की राजनीति में इन दिनों जबरदस्त सियासी उठापटक का दौर चल रहा है। शिवसेना (यूबीटी) के प्रमुख उद्धव ठाकरे की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। एक तरफ जहां 'ऑपरेशन टाइगर' के तहत उद्धव गुट के छह सांसदों के बागी होने और मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के साथ जाने की चर्चाओं से हड़कंप मचा हुआ है, वहीं दूसरी तरफ देश की सबसे अमीर महानगरपालिका (बीएमसी) में भी उद्धव गुट को एक बड़ा झटका लगा है।
मुंबई में उद्धव ठाकरे के एक वरिष्ठ नगरसेवक की सदस्यता को प्रशासनिक स्तर पर समाप्त कर दिया गया है, जिससे मुंबई के सियासी गलियारों में हलचल तेज हो गई है।
मुंबई महानगरपालिका (BMC) में शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के नगरसेवक दीपक सावंत को एक बड़ा झटका लगा है। दरअसल, जाति प्रमाणपत्र जांच समिति ने उनके अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के जाति प्रमाणपत्र को अमान्य घोषित कर दिया है।
इसके तुरंत बाद ही उनकी नगरसेवक पद की सदस्यता को समाप्त कर दिया गया। दीपक सावंत मुंबई के कांजुरमार्ग इलाके के वार्ड क्रमांक 111 से निर्वाचित हुए थे। यह वार्ड ओबीसी वर्ग के लिए आरक्षित था, इसलिए प्रमाणपत्र अवैध पाए जाने के कारण उनका पद स्वतः ही समाप्त हो गया।
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बीएमसी की गुरुवार को आयोजित हुई महासभा में मुंबई की महापौर ऋतु तावड़े ने इस फैसले की आधिकारिक घोषणा की। उन्होंने सदन को सूचित किया कि कांजुरमार्ग के वार्ड क्रमांक 111 से निर्वाचित नगरसेवक दीपक सावंत की सीट अब पूरी तरह से रिक्त हो गई है। महापौर ने बताया कि प्रशासन को रत्नागिरी जिला जाति प्रमाणपत्र जांच समिति की ओर से एक आधिकारिक आदेश प्राप्त हुआ है।
इस आदेश के आधार पर ही सावंत का निर्वाचन रद्द करने और उनकी सीट खाली करने का फैसला लिया गया है। इस कार्रवाई के बाद बीएमसी में उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (यूबीटी) के नगरसेवकों की संख्या 65 से घटकर अब 64 रह गई है।
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दीपक सावंत के अलावा गोवंडी के वार्ड क्रमांक 137 से एआईएमआईएम (AIMIM) के नगरसेवक शमीर रमज़ान पटेल का भी ओबीसी जाति प्रमाणपत्र अहिल्यानगर जिला जाति प्रमाणपत्र जांच समिति ने अमान्य घोषित किया था।
हालांकि, शमीर पटेल ने इस मामले को लेकर तुरंत अदालत का दरवाजा खटखटाया, जहां से उन्हें फिलहाल बड़ी राहत मिल गई है। अदालत ने जाति जांच समिति के आदेश पर अंतरिम रोक लगा दी है। कोर्ट के इस फैसले के कारण उनकी सदस्यता तुरंत समाप्त होने से बच गई और वे अगले आदेश तक अपने पद पर बने रहेंगे।
Location : Mumbai
Published : 19 June 2026, 8:41 AM IST