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मृत व्यक्ति को जिंदा दिखाकर रची साजिश (Img: AI Generated Image)
Varanasi: वाराणसी में संपत्ति हड़पने के लिए ऐसी कथित साजिश का मामला सामने आया है, जिसने पुलिस को भी जांच के लिए मजबूर कर दिया है। आरोप है कि जिस व्यक्ति की मौत करीब एक दशक पहले हो चुकी थी, उसे कागजों में जिंदा दिखाया गया और उसकी जगह दूसरे व्यक्ति को खड़ा कर फ्लैट की रजिस्ट्री करा दी गई। मामला सामने आने के बाद जैतपुरा थाने में पांच लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है।
मामला वाराणसी के पहाड़िया स्थित अशोक बिहार कॉलोनी फेस-1 का है। शिकायतकर्ता रफीक अहमद के मुताबिक, उनके पिता साहेब आलम उर्फ बशीरउद्दीन को वाराणसी विकास प्राधिकरण यानी वीडीए की ओर से एक फ्लैट आवंटित हुआ था। वर्ष 2001 में उनके पिता का निधन हो गया था।
पिता की मौत के बाद फ्लैट उनकी बहन को रहने के लिए दिया गया था। आरोप है कि कुछ समय बाद इसी संपत्ति को अपने नाम कराने की कथित योजना तैयार की गई।
शिकायत में सबसे गंभीर आरोप मोहम्मद राशिद खान और अन्य लोगों पर लगाया गया है। आरोप है कि उन्होंने रिजवान नाम के व्यक्ति को साहेब आलम के रूप में रजिस्ट्री कार्यालय में पेश किया। इसके बाद 27 जुलाई 2012 को फ्लैट की रजिस्ट्री मोहम्मद राशिद खान के नाम करा दी गई। शिकायत के अनुसार, इसके लिए मृतक के नाम से कथित तौर पर फर्जी दस्तावेज तैयार किए गए थे।
मामला यहीं नहीं रुका। आरोप है कि इन्हीं दस्तावेजों का इस्तेमाल नगर निगम में भी किया गया और संपत्ति से जुड़े रिकॉर्ड में मकान नंबर और पीला कार्ड तक हासिल कर लिया गया।
रफीक अहमद को जब कथित धोखाधड़ी की जानकारी मिली तो उन्होंने पुलिस से शिकायत की और कार्रवाई की मांग की। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि जब उन्होंने इस मामले का विरोध किया तो उन्हें और उनके परिवार को जान से मारने की धमकी दी गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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जैतपुरा थाना प्रभारी उपेंद्र प्रताप सिंह ने FIR दर्ज होने की पुष्टि की है। पुलिस के अनुसार मामले में कुल पांच लोगों को नामजद किया गया है। इनमें रिजवान भी शामिल है, जिस पर मृतक साहेब आलम का रूप धारण कर रजिस्ट्री कार्यालय में पेश होने का आरोप है।
मोहम्मद राशिद खान को शिकायत में इस कथित साजिश का मुख्य आरोपी बताया गया है। अपर पुलिस आयुक्त के निर्देश के बाद प्राथमिकी दर्ज की गई है। अब पुलिस दस्तावेजों की जांच करने के साथ आरोपियों की तलाश में जुटी है।फिलहाल मामले में लगाए गए आरोपों की पुलिस जांच कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही यह साफ हो सकेगा कि फ्लैट की कथित फर्जी रजिस्ट्री में किसकी क्या भूमिका थी और दस्तावेजों की पूरी कहानी क्या है।
Location : Varanasi
Published : 23 August 2026, 3:37 PM IST