1100 PG, 20,250 छात्र और MCD का एक्शन! कहीं बुलडोजर चला तो कहीं लगा ताला, सामने आया बड़ा आंकड़ा

दिल्ली के सत्य निकेतन में 6 सितंबर को हुए बिल्डिंग हादसे के बाद MCD ने राजधानी में PG और इमारतों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है। पिछले दो दिनों में करीब 1100 PG का सर्वे किया गया, जहां लगभग 20,250 छात्र रह रहे हैं। इस दौरान 24 संपत्तियों पर डिमोलिशन और 7 पर सीलिंग की कार्रवाई हुई, जबकि 35 शो-कॉज नोटिस जारी किए गए।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 8 September 2026, 9:20 PM IST
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New Delhi: दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में 6 सितंबर को हुए बिल्डिंग हादसे के बाद अब दिल्ली नगर निगम यानी MCD एक्शन मोड में नजर आ रहा है। हादसे में इमारतों और PG की सुरक्षा को लेकर उठे सवालों के बीच नगर निगम ने राजधानी में बड़े पैमाने पर जांच अभियान शुरू किया है। MCD की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक, हादसे के बाद पिछले दो दिनों में करीब 1100 PG का सर्वे किया गया है। इन PG में करीब 20,250 छात्र रहते हैं। सर्वे के दौरान जहां निर्माण और नियमों के पालन की जांच की गई, वहीं अनियमितता मिलने पर कई संपत्तियों के खिलाफ सीधे कार्रवाई भी की गई।

नगर निगम के मुताबिक, पिछले दो दिनों में 24 संपत्तियों पर डिमोलिशन की कार्रवाई की गई, जबकि 7 संपत्तियों को सील किया गया। इसके अलावा अलग-अलग मामलों में 35 शो-कॉज नोटिस जारी किए गए हैं।

1100 PG की जांच, 20 हजार से ज्यादा छात्र

सत्य निकेतन हादसे के बाद सबसे बड़ा सवाल राजधानी में चल रहे PG और किराये की इमारतों की सुरक्षा को लेकर उठ रहा है। बड़ी संख्या में छात्र इन इमारतों में रह रहे हैं और कई जगहों पर भवन की क्षमता, निर्माण और सुरक्षा मानकों को लेकर सवाल सामने आते रहे हैं। इसी को देखते हुए MCD ने PG की जांच का अभियान तेज किया है। पिछले दो दिनों में करीब 1100 PG का सर्वे किया गया। नगर निगम के आंकड़ों के मुताबिक इन संपत्तियों में लगभग 20,250 छात्र रह रहे हैं।

24 संपत्तियों पर चला डिमोलिशन एक्शन

MCD के मुताबिक पिछले दो दिनों में 24 संपत्तियों पर डिमोलिशन की कार्रवाई की गई है। वहीं 7 संपत्तियों को सील किया गया है। इसके अलावा अलग-अलग मामलों में 35 शो-कॉज नोटिस भी जारी किए गए हैं। नगर निगम की कार्रवाई से साफ है कि सत्य निकेतन हादसे के बाद PG और इमारतों की सुरक्षा को लेकर जांच को गंभीरता से लिया जा रहा है।

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MCD ने दो दिनों में 6 सीलिंग शो-कॉज नोटिस भी जारी किए हैं। वहीं 27 संपत्तियों के डिमोलिशन ऑर्डर जारी किए गए हैं। यानी जिन संपत्तियों में नियमों के उल्लंघन या अनधिकृत निर्माण की स्थिति सामने आई है, उनके खिलाफ कार्रवाई की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है।

सत्य निकेतन में बगल की इमारत भी गिराई जा रही

इस बीच सत्य निकेतन में उस इमारत से सटी बिल्डिंग को गिराने की कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है, जो 6 सितंबर के हादसे के बाद कमजोर बताई गई थी। हादसे के बाद आसपास की इमारतों की मजबूती को लेकर भी चिंता जताई गई थी। MCD कमिश्नर संजीव खिरवार ने कहा था कि हादसे वाली इमारत से सटी बिल्डिंग कमजोर हो गई है। इसे सावधानी और चरणबद्ध तरीके से गिराया जाएगा।

तीन महीने में 959 संपत्तियों पर डिमोलिशन

सत्य निकेतन हादसे के बाद शुरू हुआ यह अभियान अचानक शुरू हुई कार्रवाई नहीं है। MCD के एक्शन टेकन रिपोर्ट यानी ATR के आंकड़ों के मुताबिक दिल्ली में पिछले तीन महीनों से अवैध निर्माण के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। रिपोर्ट के अनुसार 1 जून से 31 अगस्त के बीच अवैध निर्माण के खिलाफ 959 संपत्तियों पर डिमोलिशन की कार्रवाई की गई।

वहीं 1 जून से 8 सितंबर के बीच 471 संपत्तियों को सील किया गया। इसी अवधि में अनधिकृत निर्माण के मामलों में 1551 UC यानी Unauthorized Construction शो-कॉज नोटिस जारी किए गए। इसके अलावा इसी अवधि में नगर निगम ने 753 डिमोलिशन ऑर्डर भी जारी किए।

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8 सितंबर को भी जारी रहा MCD का एक्शन

MCD की कार्रवाई 8 सितंबर को भी जारी रही। रिपोर्ट के मुताबिक एक ही दिन में 17 संपत्तियों पर डिमोलिशन की कार्रवाई की गई, जबकि 5 संपत्तियों को सील किया गया। इसके अलावा 8 सितंबर को अनधिकृत निर्माण से जुड़े 9 शो-कॉज नोटिस जारी किए गए। वहीं सीलिंग से संबंधित 2 शो-कॉज नोटिस भी जारी किए गए।

Location :  New Delhi

Published :  8 September 2026, 9:20 PM IST

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