प्रसव के बाद जब गहने तलाशे तो रहस्य खुला, महिला अस्पताल के लेबर रूम से दो प्रसूताओं के सोने के लॉकेट गायब

कौशांबी के जिला महिला अस्पताल से सामने आया एक मामला कई सवाल खड़े कर रहा है। प्रसव के बाद दो महिलाओं के सोने के लॉकेट गायब होने का आरोप लगाया गया है। दोनों परिवारों ने पुलिस से शिकायत कर स्टाफ नर्सों पर कार्रवाई की मांग की है।

Post Published By: Nidhi Kushwaha
Updated : 12 September 2026, 5:54 PM IST
google-preferred

Kaushambi: जिला महिला अस्पताल के लेबर रूम से दो प्रसूता महिलाओं के सोने के लॉकेट गायब होने का मामला सामने आने के बाद अस्पताल में हड़कंप मच गया। दोनों महिलाओं के परिजनों ने अलग-अलग शिकायत देकर मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की है। शिकायतों में ड्यूटी पर मौजूद स्टाफ नर्सों पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

प्रसव के बाद पत्नी ने बताई लॉकेट की बात

ऊनो गांव निवासी धनेश कुमार मौर्या के मुताबिक, उन्होंने 11 सितंबर को अपनी पत्नी अंजली देवी को जिला अस्पताल के महिला वार्ड में भर्ती कराया था। करीब 10:56 बजे प्रसव के बाद बेटे का जन्म हुआ। धनेश का आरोप है कि इसके बाद एक स्टाफ नर्स ने उनसे 1500 रुपये की मांग की। उनकी मां ने 500 रुपये दिए।

परिजनों के अनुसार करीब दोपहर 12 बजे अंजली को लेबर रूम से वार्ड में लाया गया। इसके बाद उसने बताया कि प्रसव के दौरान उसका सोने का लॉकेट नर्स ने उतारकर रख लिया था। जब लॉकेट वापस मांगा गया तो नर्स ने उसके बारे में जानकारी होने से इनकार कर दिया। इसके बाद परिवार ने मामले की शिकायत पुलिस से की।

ये भी पढ़ें- सुल्तानपुर में तेज रफ्तार का कहर: तेज रफ्तार डंपर ने बाइक सवार को कुचला, बिजली विभाग के कर्मचारी की मौत

दूसरी प्रसूता के परिवार ने भी लगाए आरोप

इसी तरह रामपुर बढ़नावां निवासी महेन्द्र यादव ने भी अपनी पत्नी मोनिका यादव के लॉकेट गायब होने की शिकायत की है। महेन्द्र के मुताबिक, मोनिका को 11 सितंबर की रात करीब आठ बजे प्रसव के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था। रात करीब 11:10 बजे बेटे का जन्म हुआ।

महेन्द्र का आरोप है कि प्रसव के बाद स्टाफ नर्स ने 2500 रुपये की मांग की। उन्होंने 1500 रुपये दिए, लेकिन बाकी एक हजार रुपये देने का दबाव बनाया गया। इसके बाद जब उनकी पत्नी ने अपना सोने का लॉकेट नर्स से लाने को कहा तो लॉकेट की जानकारी होने से इनकार कर दिया गया। महेन्द्र के अनुसार, उन्होंने डायल-100 पर सूचना दी, जिसके बाद पुलिस अस्पताल पहुंची।

ये भी पढ़ें- मायावती के बाद ग्रेटर नोएडा की यह लड़की संभालेगी बहुजन समाज पार्टी की कमान, जानें नाम और उसका पूरा इतिहास

पुलिस और सीएमओ ने जांच की बात कही

दोनों परिवारों ने मंझनपुर थाने में प्रार्थना पत्र देकर स्टाफ नर्सों के खिलाफ जांच और कानूनी कार्रवाई की मांग की है। मामला सामने आने के बाद अस्पताल प्रशासन से लेकर पुलिस तक इसकी जांच में जुट गई है।

सीएमओ डॉ. संजय कुमार ने कहा कि मामला गंभीर है। ड्यूटी के समय तैनात नर्सों और अन्य स्टाफ से पूछताछ की जाएगी। आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही होगी और जांच में तथ्य सामने आने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

Location :  Kaushambi

Published :  12 September 2026, 5:54 PM IST

Advertisement