फिर सक्रिय हुआ ‘प्रेमी जोड़ों’ का अड्डा, पुलिस की भूमिका पर उठे सवाल, पढ़ें पूरी खबर

जिले में दोबारा शुरू हुए अवैध होटलों पर तत्काल जांच की जरूरत है। पुलिस की भूमिका संदिग्ध है, इसलिए निष्पक्ष जांच और जवाबदेही तय करना आवश्यक है।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 3 July 2025, 12:31 PM IST
google-preferred

Kannauj News: कन्नौज जिले के तिर्वा इलाके में फिर से करीब 13 अवैध होटल चालू हो गए हैं, जो प्रेमी युगल को पनाह देने के नाम पर घंटों के हिसाब से कमरे किराए पर देते हैं। इन होटलों में एक घंटे का किराया 1500 से 2000 रुपये तक वसूला जा रहा है।

डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता को मिली जानकारी के अनुसार, ये होटल तंग गलियों और जंगलों के किनारे खुलकर अवैध गतिविधियों का केंद्र बनते जा रहे हैं।

गैंगरेप की पुरानी वारदात से उठा था बवाल

ठठिया इलाके में दो माह पहले एक छात्रा के साथ होटल में चार युवकों ने गैंगरेप की वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इस घटना के बाद इलाके में भारी आक्रोश था। बीजेपी विधायक कैलाश राजपूत ने इस मुद्दे को गंभीरता से उठाया और एसपी विनोद कुमार से मिलकर अवैध होटलों को बंद करवाने की मांग की थी।

पुलिस की सख्ती के बाद हुए थे होटल बंद

विधायक की नाराजगी और जनदबाव को देखते हुए पुलिस ने एक्शन लेते हुए सभी अवैध होटल बंद करा दिए थे। स्थानीय निवासियों ने इस कदम का स्वागत किया था। लेकिन दो महीने बाद ही ये सारे होटल फिर से संचालित होने लगे हैं। जिससे स्थानीय लोगों में फिर से रोष है।

पुलिस पर मिलीभगत का आरोप

कस्बे की एक होटल संचालक महिला ने खुलकर पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उसने दावा किया कि तिर्वा के कोतवाल हर होटल से हर माह ₹15,000 की उगाही करते हैं, और उनकी शह पर ही सारे होटल बिना किसी रोकटोक के चल रहे हैं। इस आरोप से जुड़ा वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है, जिसने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर सवालिया निशान खड़े कर दिए हैं।

स्थानीयों में नाराजगी

होटलों के आस-पास रहने वाले लोग इस दोबारा शुरू हुए अवैध धंधे से परेशान हैं। उनका कहना है कि यहां असामाजिक तत्वों की आवाजाही बढ़ गई है, जिससे इलाके में अपराध का खतरा बना हुआ है। फिर भी पुलिस और प्रशासन चुप्पी साधे हुए हैं।

जवाब देने से बच रही पुलिस

इस पूरे मामले में जब तिर्वा कोतवाल वीरेंद्र विक्रम सिंह से संपर्क करने की कोशिश की गई, तो उनका फोन नहीं लगा। इससे लोगों की शंकाएं और भी गहरी हो गई हैं कि कहीं न कहीं सिस्टम की मिलीभगत है।

Location : 
  • Kannauj

Published : 
  • 3 July 2025, 12:31 PM IST

Advertisement
Advertisement